भारत का मास्टरस्ट्रोक: बांग्लादेश को झटका, चीन की दोस्ती अब पड़ेगी महंगी
India Bangladesh Relations: चीन से नजदीकी बढ़ाना बांग्लादेश को महंगा पड़ गया है. भारत ने पड़ोसी देश को तगड़ा झटका दिया. अब बांग्लादेश के लिए पड़ोसी देशों के साथ कारोबार करना मुश्किल हो जाएगा. दरअसल भारत ने बांग्लादेश से ट्रांसशिपमेंट सुविधा (Transshipment facility ) छीन लिया है.
India Bangladesh Relations: भारत सरकार ने बांग्लादेश से बंदरगाहों और हवाई अड्डों के रास्ते में किसी तीसरे देश को निर्यात करने के लिए भारतीय भूमि सीमा शुल्क स्टेशनों का उपयोग करने की अनुमति देने वाली ट्रांसशिपमेंट सुविधा (Transshipment facility ) को समाप्त कर दिया है. भारतीय निर्यातकों ने सरकार से पड़ोसी देश को दी गई यह सुविधा वापस लेने का आग्रह किया था. विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा, “बांग्लादेश को दी गई ट्रांसशिपमेंट सुविधा के कारण पिछले कुछ समय से हमारे हवाई अड्डों और बंदरगाहों पर काफी भीड़भाड़ हो रही थी. लॉजिस्टिक्स में देरी और उच्च लागत के कारण हमारे अपने निर्यात में बाधा आ रही थी और बैकलॉग बढ़ रहा था. इसलिए, यह सुविधा 8 अप्रैल, 2025 से वापस ले ली गई है. स्पष्ट करने के लिए, ये उपाय भारतीय क्षेत्र से होकर नेपाल या भूटान को बांग्लादेश से होने वाले निर्यात को प्रभावित नहीं करेंगे.”
भारत ने जून 2020 में बांग्लादेश को दिया था सुविधा
भारत ने जून, 2020 में बांग्लादेश को ट्रांसशिपमेंट सुविधा प्रदान किया था. इस सुविधा ने भूटान, नेपाल और म्यांमा जैसे देशों में बांग्लादेश के निर्यात के लिए सुचारू व्यापार प्रवाह को सक्षम बनाया था.
पहले से प्रवेश किए बांग्लादेशी कार्गो को छोड़ना होगा भारत
केंद्रीय अप्रत्यक्ष कर और सीमा शुल्क बोर्ड (सीबीआईसी) के आठ अप्रैल के परिपत्र में कहा गया, “29 जून, 2020 के संशोधित परिपत्र को तत्काल प्रभाव से रद्द करने का निर्णय लिया गया है. भारत में पहले से प्रवेश किए गए कार्गो को भारतीय क्षेत्र से बाहर जाने की अनुमति दी जा सकती है.”
