Manipur Election 2022 : मणिपुर में विधानसभा चुनाव के दूसरे और अंतिम चरण के मतदान में शनिवार को छह जिलों की 22 विधानसभा सीटों पर मतदाता जारी है. आज के मतदान से 92 उम्मीदवारों का भविष्य तय होगा. आज सुबह-सुबह पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस नेता ओकराम इबोबी सिंह ने विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण में थौबल के एक मतदान केंद्र में अपना वोट डाला. ओकराम इबोबी सिंह ने विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण में मतदान करने से पहले थौबल में अपने आवास पर पूजा की.
अपने मताधिकार का उपयोग करने के बाद पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस नेता ओकराम इबोबी सिंह ने कहा कि मुझे पूर्ण विश्वास है कि हम इस बार थौबल में 10 में 9 सीट जीत रहे हैं और हम मणिपुर में पूर्ण बहुमत से जीतने वाले हैं.
मतदान से पहले मुख्य निर्वाचन अधिकारी राजेश अग्रवाल ने शुक्रवार को कहा कि कोविड-19 के सुरक्षा प्रोटोकॉलों का पालन करते हुए 1247 मतदान केंद्रों पर मतदान के लिए सभी बंदोबस्त किये गये हैं. आपको बता दें कि दूसरे चरण में मैदान में उतरे कुछ प्रमुख उम्मीदवारों में तीन बार मुख्यमंत्री रह चुके ओ इबोबी सिंह और पूर्व उप मुख्यमंत्री गैखंगम गंगमेई शामिल हैं. दोनों कांग्रेस के उम्मीदवार हैं. मतदान सुबह 7 बजे शुरू हुआ जो शाम चार बजे तक चलेगा.
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मणिपुर के मुख्य निर्वाचन अधिकारी (सीईओ) राजेश अग्रवाल ने कहा है कि राज्य सरकार ने अपनी गतिविधियां बंद करने की घोषणा करने वाले उग्रवादी समूहों को वजीफा जारी कर आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन नहीं किया. सीईओ ने एक विज्ञप्ति में कहा कि चूंकि लाभार्थियों की पहचान चुनाव की घोषणा और आदर्श आचार संहिता लागू होने से पहले कर ली गयी थी तो मणिपुर विधानसभा चुनावों के संबंध में आचार संहिता का उल्लंघन नहीं हुआ है.
आपको बता दें कि कांग्रेस के वरिष्ठ नेता जयराम रमेश ने आरोप लगाया था कि राज्य सरकार ने चूड़ाचंदपुर, कांगपोक्पी, तेंगनोऊपाल और चंदेल जिलों में ‘‘मतदान प्रभावित” करने के लिए एक फरवरी को प्रतिबंधित उग्रवादी समूहों को 15.70 करोड़ रुपये जारी किए और एक मार्च को अतिरिक्त 92.65 लाख रुपये जारी किए.
भाषा इनपुट के साथ
Posted By : Amitabh Kumar