किसका खुलेगा कस्मित का ताला

किसका खुलेगा किस्मत का तालातसवीर-8,9,10,-मतगणना केंद्र पर सुरक्षा के बंदोवस्त व मतगणना केंद्र का नजारासंपूर्ण जिलावासियों की मतगणना पर टिकीं निगाहें, प्रशासनिक व्यवस्था पूरी, आठ बजे से खुलने लगेगी इवीएम बेगूसराय (नगर). बेगूसराय में विधानसभा चुनाव के लंबे समय के बाद आठ नवंबर को जिले के सातों विधानसभा क्षेत्र के कुल 68 प्रत्याशियों का बंद […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | November 7, 2015 8:04 PM

किसका खुलेगा किस्मत का तालातसवीर-8,9,10,-मतगणना केंद्र पर सुरक्षा के बंदोवस्त व मतगणना केंद्र का नजारासंपूर्ण जिलावासियों की मतगणना पर टिकीं निगाहें, प्रशासनिक व्यवस्था पूरी, आठ बजे से खुलने लगेगी इवीएम बेगूसराय (नगर). बेगूसराय में विधानसभा चुनाव के लंबे समय के बाद आठ नवंबर को जिले के सातों विधानसभा क्षेत्र के कुल 68 प्रत्याशियों का बंद किस्मत कल खुलनेवाली है. इन प्रत्याशियों में जीत का सेहरा किनके माथे बंधता है. इस पर संपूर्ण बेगूसराय जिलावासियों की निगाहें टिकी हुई हैं. शनिवार को पूरे दिन मतगणना को लेकर जहां आमलोगों में चर्चाएं होती रहीं, वहीं जिला प्रशासन एवं जिला पुलिस प्रशासन मतगणना चाक-चौबंद व्यवस्था के बीच संपन्न कराने के लिए मंत्रणा करते रहे. जिला निर्वाचन पदाधिकारी सह जिलाधिकारी सीमा त्रिपाठी एवं आरक्षी अधीक्षक मनोज कुमार ने मतगणना में नियुक्त किये गये पदाधिकारियों को मतगणना को लेकर कई आवश्यक निर्देश दिये. मतगणना स्थल कृषि बाजार समिति में सुरक्षा की चाक-चौबंद व्यवस्था की गयी है. मतगणना के लिए नियुक्त पदाधिकारियों, कर्मियों व सुरक्षा कर्मियों ने मोरचा संभाल लिया है. कृषि बाजार समिति तक पहुंचने के लिए पनहांस चौक पर ही नाका बनाया गया है, जहां मतगणना कर्मियों के अलावे सिर्फ पासधारी व्यक्ति को ही अंदर जाने दिया जायेगा. मतगणना स्थल पर विधान सभा वार मतगणना कक्ष बनाया गया है. विधानसभा वार नामित निर्वाची पदाधिकारी की देखरेख में मतगणना का कार्य 14 टेबुल पर होगा. प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र में एक राउंड में 14 मतदान केंद्रों की मतगणना संपन्न की जायेगी. प्रत्येक मतगणना टेबल पर एक मतगणना पर्यवेक्षक एवं एक मतगणना सहायक की नियुक्ति की गयी है. मतगणना के अवसर पर नगर गश्ती के लिए पांच गश्ती दलों का गठन किया गया है. इधर सातों विधानसभा क्षेत्रों में विधानसभा के चुनाव में भाग्य आजमा रहे प्रमुख प्रत्याशियों के लिए शुक्रवार की रात कयामत की रात होगी. प्रत्याशियों की धड़कनें तेज हो गयी हैं. कोई भगवान के दरबार में तो कोई मसजिद में अपनी-अपनी जीत की गुहार लगा रहे हैं.