रोड परमिट का बनेगा सॉफ्टवेयर पारदर्शी तरीके से होगा काम
भागलपुर: प्रमंडलीय आयुक्त अजय कुमार चौधरी ने रोड ट्रांसपोर्ट अथॉरिटी (आरटीए) कार्यालय को अपग्रेड करने का काम शुरू करवा दिया है. अब रोड परमिट जारी होने का तरीका बदल जायेगा. उन्होंने विभागीय कामकाज को लेकर एक सॉफ्टवेयर बनाने को कहा है. नये सॉफ्टवेयर से ही रोड परमिट बनेगा. इससे पूरी प्रक्रिया पारदर्शी होगी और बिचौलिये […]
भागलपुर: प्रमंडलीय आयुक्त अजय कुमार चौधरी ने रोड ट्रांसपोर्ट अथॉरिटी (आरटीए) कार्यालय को अपग्रेड करने का काम शुरू करवा दिया है. अब रोड परमिट जारी होने का तरीका बदल जायेगा. उन्होंने विभागीय कामकाज को लेकर एक सॉफ्टवेयर बनाने को कहा है.
नये सॉफ्टवेयर से ही रोड परमिट बनेगा. इससे पूरी प्रक्रिया पारदर्शी होगी और बिचौलिये की भूमिका पर विराम लगेगा. स्कूल बस व निजी बसों को लेना पड़ता है रोड परमिट: आरटीए कार्यालय से स्कूली बसों और विभिन्न रूटों पर चल रही निजी बस रूट का परमिट जारी होता है. रोड परमिट की एक समय सीमा होती है, इसके बाद परमिट के नवीनीकरण के लिए कार्यालय में आवेदन करना होता है.
सॉफ्टवेयर आधारित काम होने से फायदा
आरटीए कार्यालय का कामकाज सॉफ्टवेयर आधारित होने से आवेदक को फायदा होगा. इससे कामकाज की प्रक्रिया भी पारदर्शी हो जायेगी.
अजय कुमार चौधरी, प्रमंडलीय आयुक्त