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चिकित्सक गायब, तड़पता रहा जख्मी

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By Prabhat Khabar Digital Desk | May 25, 2016 12:31 AM

आक्रोश. सदर अस्पताल में परिजनों ने किया हंगामा, भाग खड़े हुए कई कर्मचारी

जिलाधिकारी हुए सख्त, दिये जांच के आदेश
जांच करने पहुंचे पदाधिकारी ने माना, चिकित्सक कर रहे लापरवाही
सड़क दुर्घटना में जख्मी पार्षद का है भांजा
एक घंटा बाद पहुंचे चिकित्सक
आरा : एक बार फिर सदर अस्पताल में लापरवाही का मामला सामने आया. सड़क दुर्घटना में जख्मी पार्षद का भांजा घंटों दर्द से कराहता रहा और इमरजेंसी सेवा से चिकित्सक गायब रहे. इस मामले को डीएम डॉ वीरेंद्र प्रसाद यादव ने गंभीरता से लिया है. मामले की जांच के आदेश दे दिये गये हैं.
दर्द से कराहते युवक को देख आक्रोशित परिजनों ने जम कर हंगामा किया. परिजनों के गुस्से को देखते हुए अस्पताल के कई कर्मचारी भाग खड़े हुए. जैसे ही इसकी सूचना डीएम को मिली, उन्होंने तुरंत मामले की जांच के लिए अवर निर्वाचन पदाधिकारी विकास कुमार को भेजा. चिकित्सक के पहुंचने के पहले ही जिला प्रशासन के अधिकारी सदर अस्पताल पहुंच गये, जहां उन्होंने माना कि चिकित्सक लापरवाही बरत रहे हैं.
वार्ड पार्षद अमरेंद्र कुमार का भांजा आनंद नगर निवासी मिक्कू उर्फ अभिषेक सड़क दुर्घटना में बुरी तरह से जख्मी हो गया था. जिसे इलाज के लिए परिजन सदर अस्पताल में आये हुये थे. अस्पताल में लेकर आने के बाद इमरजेंसी में कोई चिकित्सक उपस्थित नहीं थे. चिकित्सक की खोज होने लगी,
तो पता चला कि जिस चिकित्सक की ड्यूटी थी. वे आये ही नहीं थे. जिसके बाद परिजन आक्रोशित हो उठे और हो-हंगामा करना शुरू कर दिया. बाद में किसी तरह मामले को शांत कराया गया.
सीएस ने मांगा स्पष्टीकरण, एक दिन का काटा वेतन
जिलाधिकारी के निर्देश के बाद सीएस एसके अमन सदर अस्पताल पहुंचे, जहां मामले की जांच करते हुए पदस्थापित चिकित्सक टीए अंसारी और संजय कुमार सिन्हा पर शो-कॉज नोटिस जारी किया है. इसके साथ ही एक दिन का वेतन भी काट लिया गया है. सीएस ने कहा कि चिकित्सक टीए अंसारी के वक्त जब मरीज आया था, तो उसे क्यों नहीं देखा गया. वहीं, जब तक दूसरे चिकित्सक नहीं आये, तो इसके पहले ही वे क्यों चले गये.
सरकार की छवि बिगाड़ रहे हैं चिकित्सक : अमरेंद्र
सरकार की छवि बिगाड़ने में सदर अस्पताल के चिकित्सक लगे हुए हैं. संसाधन रहने के बाद भी चिकित्सक मरीजों का बेहतर इलाज नहीं कर रहे हैं. जिस कारण आये दिन सदर अस्पताल में हो-हंगामा हो रहा है. उन्होंने कहा कि जिलाधिकारी द्वारा तुरंत संज्ञान लेना, यह उनकी कार्य कुशलता को दरसाता है.

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