विरोध में आइसा ने निकाला प्रतिवाद मार्च

आरा : स्कूल, कॉलेज एवं विश्वविद्यालयों में जातीय उत्पीड़न पर केंद्र सरकार रोक लगाये तथा इसके लिए नियम बनाये. मुजफ्फरपुर में दलित छात्र की पिटाई एवं जेएनयू के अल्पसंख्यक छात्र नजीब पर एबीवीपी द्वारा हिंसक हमले के विरुद्ध में आइसा के छात्रों द्वारा प्रतिवाद मार्च निकाला गया. मार्च के बाद हुई सभा में आइसा नेताओं […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | October 24, 2016 12:42 AM

आरा : स्कूल, कॉलेज एवं विश्वविद्यालयों में जातीय उत्पीड़न पर केंद्र सरकार रोक लगाये तथा इसके लिए नियम बनाये. मुजफ्फरपुर में दलित छात्र की पिटाई एवं जेएनयू के अल्पसंख्यक छात्र नजीब पर एबीवीपी द्वारा हिंसक हमले के विरुद्ध में आइसा के छात्रों द्वारा प्रतिवाद मार्च निकाला गया. मार्च के बाद हुई सभा में आइसा नेताओं ने कहा कि मुजफ्फरपुर के केंद्रीय विद्यालय के छात्र उत्तम पर हुए हमले की न्यायिक जांच हो एवं उसके परिवार को सुरक्षा प्रदान किया जाये.

बिहार सरकार से वक्ताओं ने मांग की कि स्कूल, कॉलेजों में सामाजिक उत्पीड़न की घटनाओं पर रोक लगाने के लिए कानून बनाया जाये तथा विवि कैंपसों में भी उत्पीड़न पर रोक लगायी जाये. वहीं जेएनयू के गायब छात्र नजीब अहमद को सुरक्षित वापस लाया जाये. इसे लेकर छात्र की मां एवं बहन द्वारा जेएनयू में आंदोलन किया जा रहा है.

जेएनयू प्रशासन एवं दिल्ली पुलिस के असंवेदनशीलता की सभा में निंदा की गयी. इस अवसर पर सबीर, राजू राम, संदीप, रंजन कुमार, पप्पू कुमार, अभिषेक कुमार, धीरेंद्र, राकेश, सुधीर, उज्ज्वल, राजू कुमार, अशेाक, चंदन, मुन्ना सहित कई छात्र उपस्थित थे.

प्रतिवाद मार्च निकालते आइसा कार्यकर्ता़