मोतिहारी : पुलिस महानिदेशक केएस द्विवेदी ने कहा कि बिहार में अपराध का ग्राफ गिरा है. गत साल की तुलना में पिछले तीन माह में बड़े अपराध काफी कम हुये हैं. कैश लूट की बढ़ी घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए पुलिस पहल कर रही है. फिलहाल कैश लूट जैसे अपराध पर नियंत्रण को लेकर व्यवसायी व आमजन को सुरक्षा मुहैया करायी जायेगी.
कहा कि बैक से लाख-दो लाख तक के ट्रांजेक्शन करने वाले सुरक्षा के लिए संबंधित थाना पर संपर्क कर सकते है. सूचना पर संबंधित थाना द्वारा बैक से लेकर घर तक सुरक्षित कैश कैरी के लिए सुरक्षा मुहैया करायी जायेगी. इस आदेश को तत्काल प्रभाव से लागू किया गया है. वे शुक्रवार को एसपी कार्यालय में आयोजित पुलिस-पब्लिक संवाद को संबोधित कर रहे थे. कहा कि पूर्वी चंपारण में अपराध नियंत्रण के लिए सीमावर्त्ती इलाकों में 28 जगहों पर पुलिस नाका स्थापित किया जायेगा. इसके साथ सूबे के अन्य जिलों में भी पुलिस नाका के लिए स्वीकृति दी गयी है. ट्रैफिक लोड व जाम की समस्याओं को लेकर नौ नगर निकायों में ट्रैफिक थाना खोलने की तैयारी चल रही है.
दूसरे फेज में क्रमवार अन्य निकायों में भी ट्रैफिक थाना स्थापित होगा. पुलिस पदाधिकारियों के आवास पर शीध्र ही शिकायत पेटी लगाये जायेगे. डीजीपी ने आमजनों को जागरूक होने की नसीहत देते कहा कि अपराधी भी इसी समाज के हिस्सा है. अपराध करने वालों की संख्या महज एक प्रतिशत से भी कम है, जबकि 99 प्रतिशत होकर भी हम अपराधियों का मुकाबला नहीं कर पाते. उन्होंने संगठित होकर अपराध करने वालों का पुरजोर मुकाबला करने का आह्वान आमजनों से किया. कहा कि पुलिस पदाधिकारियों के आवास पर शिकायत पेटी लगाने का निर्देश दिया गया है, जहां आमजन अपना सुझाव या गुप्त सूचना को पत्र के माध्यम से पदाधिकारी को अवगत करा सकेगे. डीजीपी ने कहा कि थाना में वैसे व्यक्ति को नहीं बठाये, जिससे थाना आनेवाले आमजन को भयभीत होना पड़े. थानों में ऐसी व्यवस्था बहाल होनी चाहिए कि किसी व्यक्ति को अपनी बात कहने के लिए बिचौलियों का सहारा नहीं लेना पडे. मौके पर एडीजे विनय कुमार, आइजी सुनिल कुमार, डीआइजी ललन मोहन प्रसाद, मोतिहारी एसपी जितेंद्र शर्मा, बेतिया एसपी जयकांत व बगहा एसपी अरविंद कुमार गुप्ता उपस्थित थे.
