…और कितने की जिंदगी तबाह करेंगे नगर के आवारा पशु!

मोतिहारी : और कितने की जिंदगी तबाह करेंगी मोतिहारी नगर की आवारा पशुएं? क्या इसी तरह से लोग घायल हो जीवन व मौत के बीच संघर्ष करते रहेंगे या नगरपालिका प्रशासन आवारा पशुओं को पकड़ेंगी भी? ... मोेतिहारी नगर के भवानीपुर जिरात निवासी विजय वर्मा की पत्नी कांति देवी पहले ऐसे यात्री नहीं है जोे […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | September 30, 2015 1:57 AM

मोतिहारी : और कितने की जिंदगी तबाह करेंगी मोतिहारी नगर की आवारा पशुएं? क्या इसी तरह से लोग घायल हो जीवन व मौत के बीच संघर्ष करते रहेंगे या नगरपालिका प्रशासन आवारा पशुओं को पकड़ेंगी भी?

मोेतिहारी नगर के भवानीपुर जिरात निवासी विजय वर्मा की पत्नी कांति देवी पहले ऐसे यात्री नहीं है जोे आवारा पशुओं के आतंक सेे गंभीर रूप से घायल हुए हैं.
इससे पूर्व भी आधा दर्जन लोग इन आवारा पशुओं के आतंक का शिकार हो चुके हैं और छह-छह माह तक अस्पतालों में जीवन-व मौत के बीच संघर्ष कर अपनी जिंदगी को बड़ी मुश्किल से बचाने में कामयाब हुए हैं. कुछ की मौत भी हो चुकी है.सभी घायलों को दर्जनों टांका लगा था. इनमें अवकाश प्राप्त टेलिकॉम आॅफिसर की मौत हो गयी है.
नगर पालिका प्रशासन इन आवारा पशुओं के पकड़ने के लिए बोर्ड की बैठक में निर्णय तो लेती है किंतु अब तक सभी कार्रवाई खोखली साबित हुई है. शहर के विभिन्न क्षेत्रों में प्रतिदिन आवारा पशुओं की करतूत से लोग परेशान रहते हैं. राहगीरों के साथ-साथ व्यवसायियों को भी ये आवारा पशु अपना शिकार बनाते हैं और प्रशासन मूकदर्शक बना सब कुछ देखता रहता है.
इसकी शिकायतें भी नगर पालिका प्रशासन को की जाती है लेकिन उसका कोई खास असर नहीं दिखता है.शहर के गांधी चौक,मीना बाजार,मेन रोड, मधुबन छावनी चौक समेत कई क्षेत्रों में इन आवारा पशुओं के आतंक के कारण दुर्घटनाएं भी लगातार होती है और लोग चोटिल होते हैं.