हमला कर भालू ने काट खायी किसान की अंगुली
गन्ने के खेत में िनगरानी को गया था मोहन राम... बेतिया : जंगल के समीप गन्ने के खेत में बैठे एक भालू ने किसान पर हमला कर उसकी तीन अंगुलियां काट खायी. घायल किसान का इलाज एमजेके अस्पताल में चल रहा है. गौनाहा प्रखंड के मटियरिया थाने के सिरिसिया गांव के किसान मोहन राम रविवार […]
गन्ने के खेत में िनगरानी को गया था मोहन राम
बेतिया : जंगल के समीप गन्ने के खेत में बैठे एक भालू ने किसान पर हमला कर उसकी तीन अंगुलियां काट खायी. घायल किसान का इलाज एमजेके अस्पताल में चल रहा है. गौनाहा प्रखंड के मटियरिया थाने के सिरिसिया गांव के किसान मोहन राम रविवार की सुबह गन्ने के खेत को देखने गया था.
वहां उसका सामना एक भालू से हो गया. इस दौरान भालू ने उस पर हमला कर दिया. उसके दाहिने हाथ की तीन अंगुलियों को
हमला कर भालू
काट कर जख्मी कर दिया. सूचना मिलते ही पूरे इलाके में अफरातफरी मच गयी. ग्रामीणों ने एकजुट होकर शोर मचाया, तो भालू वहां से भागा. भालू के हमले में मोहन राम के लहूलुहान होने की खबर परिजनों ने वन विभाग के पदाधिकारियों को दी. सिरिसिया वन क्षेत्र पदाधिकारी ने कर्मियों को घटनास्थल के लिए रवाना किया व किसान को इलाज के लिए बेतिया एमजेके अस्पताल पहुंचाया.
ग्रामीणों का कहना है कि यह इस गांव की कोई पहली घटना नहीं है. आये दिन यहां वन क्षेत्र से जंगली जानवर निकल कर सरेह में पहुंच जाते हैं. ग्रामीणों पर हमला कर घायल कर देते हैं. इसके पूर्व में भी कई घटनाएं हो चुकी हैं.
दर्जनों बार हो
चुकी हैं घटनाएं
वाल्मीकि व्याघ्र परियोजना के चंपारण वन प्रमंडल एक और दो में ग्रामीणों पर हमले की यह कोई पहली घटना नहीं है. एक दशक पर नजर डालें, तो बाघ, तेंदुए, भालू समेत अन्य जंगली जानवरों के हमले में कई किसान घायल हो चुके हैं. वन समीपवर्ती मैनाटांड़ और गौनाहा में कई बार गांवों तक बाघों, तेंदुओं और भालुओं के घुसने की घटनाएं हो चुकी हैं, जहां काफी मशक्कत के बाद वन विभाग के सहयोग से उन्हें भगाया जा सका. दो वर्ष पूर्व में
दर्जनों बार हो
जिला मुख्यालय से सटे सिरिसिया ओपी के समीप सरेह में एक बाघ के पहुंचने से पूरे दिन हजारों की भीड़ उमड़ी रही. काफी मशक्कत कर वन विभाग पटना की टीम ने छह घंटे के बाद उसे बेहोश करने में सफलता पायी. तब लोगों को राहत मिली.
