सफाईकर्मियों ने माले के साथ किया शहर में प्रदर्शन, चौक को किया जाम

गोपालगंज : भाकपा माले जिला कमेटी सदस्य इनौस राज्य परिसर सदस्य व इंसाफ मंच के जिला सचिव अजातशत्रु को पुलिस प्रशासन द्वारा गिरफ्तार करने के खिलाफ सफाई मजदूर और माले ने शहर में विरोध मार्च निकाला. नेताओं व मजदूरों ने चौक-चौराहों को जगह-जगह जाम कर गिरफ्तार को रिहा करने की मांग की.... माले के प्रदर्शन […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | February 20, 2020 1:11 AM

गोपालगंज : भाकपा माले जिला कमेटी सदस्य इनौस राज्य परिसर सदस्य व इंसाफ मंच के जिला सचिव अजातशत्रु को पुलिस प्रशासन द्वारा गिरफ्तार करने के खिलाफ सफाई मजदूर और माले ने शहर में विरोध मार्च निकाला. नेताओं व मजदूरों ने चौक-चौराहों को जगह-जगह जाम कर गिरफ्तार को रिहा करने की मांग की.

माले के प्रदर्शन से पूरा शहर जाम से जूझने लगा. उधर, भाकपा माले के जिला सचिव इंद्रजीत चौरसिया ने गिरफ्तारी की निंदा करते हुए कहा कि सफाई मजदूरों की अावाज दबायी नहीं जा सकती है
बल्कि और उग्र व मजबूत ही होगा. सफाई मजदूरों के साथ सम्मानजनक समझौता कर हड़ताल समाप्त करायी जानी चाहिए. समझौता होने के बावजूद सफाई नहीं होने देने का माले पर आरोप मनगढ़ंत, बेबुनियाद राजनीति से प्रेरित व दुर्भावना से ग्रसित होकर बयान दिया गया है. सफाई मजदूरों के साथ नगर पर्षद शोषण करता है. इसलिए वे काफी पीड़ित हैं.
जो समझौता पेपर तैयार हुआ था, उस पर कोई अधिकारी हस्ताक्षर करने के लिए तैयार नहीं हुए. कार्यपालक पदाधिकारी का कहना था कि हम हस्ताक्षर इसलिए नहीं करेंगे कि सरकार ने हटा दिया है. तब सभी सफाई मजदूर भड़क गये. इसके अलावा जब सफाई मजदूर स्थायी नहीं हैं तब 60 साल का हवाला देकर क्यों हटाया जा रहा है.
हटा कर फिर दो-दो हजार रुपये लेकर काम पर वापस ले लिया जाता है. सफाई मजदूर जितने दिन काम करते हैं उसके हिसाब से उनकी मजदूरी नहीं मिलती है. मौके पर इनौस राज्य परिषद के जीतेंद्र पासवान, ऐपवा जिला सचिव रीना शर्मा, योगेंद्र शर्मा, पिंकी देवी, रामनाथ राम आदि थे.
मांग मान ली गयी है, हड़ताल औचित्यहीन : हरेंद्र
मुख्य पार्षद हरेंद्र कुमार चौधरी ने कहा है कि गोपालगंज नगर पर्षद को छोड़कर किसी भी नगर निकाय में हड़ताल नहीं है. मजदूरों की मुख्य मांग आउटसोर्सिंग व्यवस्था समाप्त करनी है. नप द्वारा यह मांग दो दिन पूर्व ही मान ली गयी है. इसके अलावा हड़ताल अवधि के वेतन भुगतान की बात भी की गयी.
इसके बाद भी मजदूर मानने को तैयार नहीं हैं. चालक और सफाई जमादार ने हड़ताल खत्म कर दी है. सफाई न होने से शहर की स्थिति नारकीय बनी है. सामने शिवरात्रि है. मजदूरों की संवेदना मर गयी है. कुछ माले नेता मजदूरों को बरगला रहे हैं. मुख्य पार्षद ने कहा कि शहर की सफाई के लिए हर कदम उठाया जायेगा.