जिला बनने से पहले बनी थी बड़ी मसजिद
इस्लामियां मुहल्ले की जामा मसजिद है सबसे पुरानी यहां सुदूर इलाके से नमाज को आते है अकीदतमंद फोटो न. 15संवाददाता. गोपालगंज शहर के बड़ी बाजार स्थित जामा मसजिद जिले की सबसे बड़ी मसजिद है. जिला बनने से पहले जामा मसजिद स्थापित हुई थी. यहां आज भी सबसे अधिक अकीदतमंद पहुंचते हैं. रमजान में यहां नमाजियों […]
इस्लामियां मुहल्ले की जामा मसजिद है सबसे पुरानी यहां सुदूर इलाके से नमाज को आते है अकीदतमंद फोटो न. 15संवाददाता. गोपालगंज शहर के बड़ी बाजार स्थित जामा मसजिद जिले की सबसे बड़ी मसजिद है. जिला बनने से पहले जामा मसजिद स्थापित हुई थी. यहां आज भी सबसे अधिक अकीदतमंद पहुंचते हैं. रमजान में यहां नमाजियों के लिए खास इंतजाम किये गये हैं. जुमे के दिन मसजिद में इबादत का मंजर सवाब पर रहता है. मसजिद के इमाम शौकत फहमी ने बताया कि वर्ष 1968 ई में बड़ी बाजार में जामा मसजिद का निर्माण कराया गया था. मसजिद बनने के बाद वर्ष 1973 ई में गोपालगंज जिला का दर्जा मिला. उन्होंने कहा कि आज भी बड़ी मसजिद के रुप में विख्यात है. हजारों की संख्या में सुदूर इलाके से रोजेदार नमाज पढ़ने के लिए आते है. मसजिद की लोकप्रियता को देख यहां मदरसा को स्थापित किया गया.