चुरली घाट पर चचरी पुल बनाकर हो रही वसूली, प्रशासन बेखबर

चुरली घाट पर चचरी पुल बनाकर हो रही वसूली, प्रशासन बेखबर

By RAJKISHOR K | March 26, 2025 6:54 PM

– पैदल यात्रियों से 10, साइकिल चालकों से 20 व दोपहिया वाहन चालकों से 30 रूपया शुल्क वसूली जा रही कोढ़ा कोढ़ा प्रखंड के बिनोदपुर पंचायत स्थित चुरली घाट पर पिछले चार वर्षों से अस्थायी चचरी पुल के सहारे हजारों लोगों का आवगामन हो रहा है. इस सुविधा का लाभ लेने के लिए उन्हें टोल टैक्स चुकाना अनिवार्य कर दिया गया है. राहगीरों का कहना है कि इस पुल से गुजरने के लिए पैदल यात्रियों से 10, साइकिल चालकों से 20 और दोपहिया वाहन चालकों से 30 रुपया शुल्क लिया जा रहा है. जो गरीब एवं आमजन के लिए अतिरिक्त आर्थिक बोझ बन रहा है. हैरत की बात यह है कि अंचल प्रशासन को इस बात की जानकारी ही नहीं है कि चचरी पुल बनाकर लोगों से आवागमन के नाम पर राशि की वसूली हो रही है. हर साल टेंडर से होता है निर्माण, ग्रामीणों से वसूली जाती है रकम स्थानीय लोगों के अनुसार, हर साल चुरली घाट पर चचरी पुल का टेंडर जारी किया जाता है. उसकी लागत की भरपाई राहगीरों से वसूले गये शुल्क से की जाती है. पुल संचालक माजिद का कहना है हम टेंडर के माध्यम से चचरी पुल का निर्माण करते हैं. इस पर होने वाले खर्च को पूरा करने के लिए सभी राहगीर से शुल्क लेते हैं. यह एक बार दिया जाता है. जिसके बाद दिनभर पुल का इस्तेमाल किया जा सकता है. ग्रामीणों का कहना है कि चचरी पुल अस्थायी समाधान है. हर साल इस पर पैसा खर्च करने की बजाय प्रशासन को स्थायी पुल बनवाने की दिशा में कार्य करना चाहिए. स्थायी पुल की मांग पर प्रशासन व जनप्रतिनिधि का नहीं है ध्यान ग्रामीणों का आरोप है कि प्रशासन को कई बार स्थायी पुल निर्माण के लिए आवेदन दिया. कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया. चचरी पुल के कारण बरसात के मौसम में स्थिति भी खराब हो जाती है. तेज बहाव में पुल बह जाने का खतरा बना रहता है. लोगों को नदी पार करने में दिक्कतों का सामना करना पड़ता है. राहगीर मुजाहिद बताते हैं कि चार साल से इस चचरी पुल पर निर्भर हैं. टोल टैक्स देने के बावजूद भी हमें स्थायी समाधान नहीं मिल रहा. हर साल टेंडर निकालकर पुल बनवाने में खर्च होता है. फिर भी स्थायी पुल नहीं बन पा रहा. अंचल पदाधिकारी ने दिया जांच का आश्वासन अंचल पदाधिकारी अंजू कुमारी से पूछे जाने पर उन्होंने कहा कि उन्हें इस मामले की कोई जानकारी नहीं थी. उन्होंने कहा आपके माध्यम से यह जानकारी मिली है. मामले की जांच करेंगे और उचित कार्रवाई करेंगे.

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