दारोगा बाबू थानेदारी के साथ सुपरविजन रिपोर्ट करते हैं तैयार
व्यवस्था. िजले के 20 थानों में से 11 में कंप्यूटर व 15 थानों में नहीं हैं मुंशी... किशनगंज : किशनगंज जिले में अपराध व गैर कानूनी गतिविधियों पर विराम लग सके इसके लिए जिले के अधिकांश थानों को अपग्रेड कर दिया गया है़ इन थानों में एसएचओ के रूप में कई थानों में इंस्पेक्टर की […]
व्यवस्था. िजले के 20 थानों में से 11 में कंप्यूटर व 15 थानों में नहीं हैं मुंशी
किशनगंज : किशनगंज जिले में अपराध व गैर कानूनी गतिविधियों पर विराम लग सके इसके लिए जिले के अधिकांश थानों को अपग्रेड कर दिया गया है़ इन थानों में एसएचओ के रूप में कई थानों में इंस्पेक्टर की पोस्टिंग की गयी है़ जबकि पहले सब इंस्पेक्टर की पोस्टिंग होती थी़ जिले में कार्यरत 20 थानों में से करीब 16 थानों में मुंशी एवं टाइप राइटर नहीं है़ पुलिस थानों में गत माह के लंबित मामले तो नहीं है. लेकिन अत्याधुनिक थानों में डाटा ऑपरेटर की कमी खल रही है़
हर महीने दर्जनों मामलों की जांच की जाती है व सुपरविजन होता है़ लेकिन सर्किल इंस्पेक्टर कार्यालय में टाइपिस्ट और न पर्याप्त रीडर ही तैनात है. स्थिति ऐसी है कि अधिकांश थानेदार को विधि व्यवस्था और अन्य काम होने के बावजूद स्वयं सुपरविजन रिपोर्ट तैयार करना पड़ता है़
अक्तूबर में कुल 159 मामले दर्ज हुए 12 मामले लंबित
जिले में दर्ज मामले
किशनगंज में 55, कोचाधामन में 10, विशनपुर में 4, पोठिया में 5, पहाड़कट्टा व छत्तरगाछ ओपी में 11, दिघलबैंक में 16, कोढ़ोबाड़ी में 6, गलगलिया में 2, टेढ़ागाछ थाना में 7, बीबीगंज में 1, ठाकुरगंज में 16, बहादुरगंज में 23, पाठामारी में 1, कुर्लीकोट थाने में 2 मामले अक्टूबर महीने में दर्ज किया गया़ जिसमें कोचाधामन में 12 मामले लंबित है़ जबकि गंधर्वडांगा व फतेह पुर थाने में एक भी मामला दर्ज नहीं हो पाया़
मुंशी, टाइपिस्ट, कंप्यूटर ऑपरेटर के पद हैं रिक्त
कहीं कंप्यूटर है तो डाटा ऑपरेटर नहीं
एक तरफ जहां सरकार थानों में दर्ज एफआईआर को ऑन लाइन करने का निर्देश दिया है. वहीं दूसरी ओर जिले के बहादुरगंज, किशनगंज, कोचाधामन, टेढ़ागाछ, पोठिया, ठाकुरगंज, दिघलबैंक थाना में कंप्यूटर तो है लेकिन कंप्यूटर ऑपरेटर नहीं है़ इसके अलावे 11 थानों में कंप्यूटर है ही नहीं.
थानों में मुंशी की है कमी : जिले में कार्यरत अधिकांश थानों में मुंशी की कमी है़ जिले के 20 थानों में से 15 थानों में मुंशी का पद सृजित है़ लेकिन मुंशी नहीं है़
कहां-कहां है इंस्पेक्टर एसएचओइ : जिले में किशनगंज सदर, कोचाधामन, ठाकुरगंज, बहादुरगंज और दिघलबैंक में इंस्पेक्टर बतौर एसएचओ पदस्थापित है.
एसएचओ की जिम्मेदारी
विधि व्यवस्था, धरना प्रदर्शन, वीआईपी मूवमेंट में ड्यूटी
रोजाना एंटी क्राइम चेकिंग एवं गश्ती के साथ थाने में लोगों की समस्या सुनना
आईटी एक्ट व गंभीर प्रवृत्ति से जुड़े मामले का अनुसंधान करना
पुलिस मुख्यालय से लेकर एसपी, सीएम जन संवाद के मामले पर रिपोर्ट तैयार करना
पासपोर्ट से लेकर चरित्र सत्यापन, आर्म्स लाइसेंस के लिए प्रतिवेदन तैयार करना
घटना होने पर वहां जाना व धरना स्थल का निरीक्षण करना
