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अंतिम यात्रा में उमड़ी भीड़

किशनगंजः जिले के कोचाधामन प्रखंड के विशनपुर में सोमवार संध्या दो घरों में एक साथ अर्थी निकलने से ग्रामीणों की आंखे नम हो गयी. बाजार से सटे सखुआडाली के किनारे प्यार में नाकाम प्रेमियों को अंतिम संस्कार सोमवार को बारी-बारी से कर दिया गया. घाट पर सर्वप्रथम प्रेमी पंकज कुमार का शव पहुंचा. इसके कुछ […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | February 19, 2014 5:30 AM

किशनगंजः जिले के कोचाधामन प्रखंड के विशनपुर में सोमवार संध्या दो घरों में एक साथ अर्थी निकलने से ग्रामीणों की आंखे नम हो गयी. बाजार से सटे सखुआडाली के किनारे प्यार में नाकाम प्रेमियों को अंतिम संस्कार सोमवार को बारी-बारी से कर दिया गया. घाट पर सर्वप्रथम प्रेमी पंकज कुमार का शव पहुंचा. इसके कुछ ही देर बाद उसकी प्रेमिका मेहंदी कुमारी का शव भी पहुंच गया. दोनों की अंतिम यात्र में भीड़ उमड़ पड़ी. उधर कोचाधामन पुलिस ने यूडी केश दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी.

परंतु एक साथ न जी पाने के गम में मौत को गले लगाने वाले प्रेमी युगल मौत के बाद भी एक साथ न हो सके. सामाजिक मान्यताओं के कारण दोनों मृतकों के परिजनों ने दोनों शवों की अंतिम प्रक्रिया भी अलग अलग ही की. इधर स्थानीय सदर अस्पताल में पोस्टमार्टम उपरांत दोनों मृतकों के शव के विशनपुर पहुंचते ही मृतकों के घर में कोहराम मच गया. परिजन शव के साथ लिपट कर विलाप करने लगे. उनके कारूणिक क्रंदन को सुन परिजनों को सांत्वना देने पहुंचे स्थानीय लोगों के आंखों से भी बरबस ही आंसू निकल पड़े.

मेहंदी की मांग ने विलाप करते हुए कहा कि प्रेम प्रसंग की उन्हें जानकारी नही थी. अगर जानकारी होती तो दोनों की शादी अवश्य करा देती. वहीं पंकज के भाई व अन्य परिजनों ने भी प्रेम प्रसंग की जानकारी से साफ इनकार कर दिया. जबकि स्थानीय लोगों ने दबी जुबान से मेहंदी के परिवार की आर्थिक स्थिति का कमजोर होना व रूढ़ीवादी सामाजिक मान्यताओं कावे प्रेमी युगल की मौत का कारण बताया. वहीं सूत्रों की माने तो युवती द्वारा मौत को गले लगाने से पूर्व सोसाइड नोट लिखकर यह साफ कर दिया कि हम दोनों अपने मर्जी से आत्महत्या कर रहे है. इसकी जिम्मेवारी किसी के परिवार वालों पर न थोपी जाए.

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