यूरोलॉजिकल समिति प्रयागराज एवं यूरो सर्जरी विभाग के संयुक्त तत्वाधान में 8 और 9 फरवरी को मोतीलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज में विशेष लैप्रोस्कोपिक वर्कशॉप का आयोजन किया जा रहा है. इस दौरान देशभर के प्रसिद्ध यूरो सर्जन एकत्र होंगे और मरीजों के लिए निःशुल्क सर्जरी करेंगे. विभागाध्यक्ष डॉ. दिलीप चौरसिया एवं आयोजन सचिव डॉ. शिरीष मिश्रा ने जानकारी देते हुए बताया कि इस कार्यशाला के तहत 12 मरीजों की मुफ्त सर्जरी की जाएगी. इन जटिल सर्जरी को देश के ख्यातिप्राप्त यूरोलॉजिस्ट करेंगे, जिससे स्थानीय चिकित्सकों और छात्रों को भी नवीनतम तकनीकों को सीखने का अवसर मिलेगा.
![प्रयागराज में होगा पूरे देश के यूरोलॉजिस्ट का संगम, 8-9 फरवरी को मोतीलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज में लैप्रोस्कोपिक वर्कशॉप का आयोजन 1 Untitled Design 2025 02 07T151326.525](https://www.prabhatkhabar.com/wp-content/uploads/2025/02/Untitled-design-2025-02-07T151326.525-1024x683.jpg)
देशभर के ख्यातिप्राप्त यूरो सर्जन करेंगे ऑपरेशन
इस कार्यशाला में लखनऊ से डॉ. शशिकांत मिश्रा एवं डॉ. संजोए सुरेखा, हैदराबाद से डॉ. चंद्र मोहन वाड्डी, बेंगलुरु से डॉ. एच.के. नागराजा, जम्मू से डॉ. राहुल गुप्ता, और दिल्ली से डॉ. अनूप गुप्ता भाग लेंगे। ये सभी विशेषज्ञ दूरबीन विधि (लैप्रोस्कोपिक सर्जरी) द्वारा मरीजों की सर्जरी करेंगे और उपस्थित चिकित्सकों को ऑपरेशन की पूरी प्रक्रिया दिखाएंगे. इस लाइव सर्जरी के माध्यम से उपस्थित डॉक्टरों और सर्जनों को अत्याधुनिक यूरोलॉजिकल सर्जरी तकनीकों की जानकारी मिलेगी. साथ ही, यह विशेषज्ञ जूनियर चिकित्सकों को प्रशिक्षण देंगे, जिससे उन्हें इस विधि के व्यावहारिक और सैद्धांतिक पहलुओं की समझ विकसित करने में मदद मिलेगी.
लैप्रोस्कोपिक सर्जरी के लाभ
• छोटे चीरों के माध्यम से ऑपरेशन होने के कारण मरीजों को कम दर्द होता है।
• मरीज जल्दी स्वस्थ होता है और अस्पताल में रुकने की अवधि कम होती है।
• पारंपरिक ओपन सर्जरी की तुलना में कम जटिलताएं होती हैं।
• यह तकनीक किडनी, प्रोस्टेट और मूत्राशय से जुड़ी समस्याओं के इलाज के लिए अत्यधिक प्रभावी मानी जाती है.
इस कार्यशाला में इस क्षेत्र के यूरो सर्जन, जनरल सर्जन और पीजी छात्रों को नई तकनीकों को सीखने का सुनहरा अवसर मिलेगा. विशेषज्ञ सर्जनों द्वारा लाइव सर्जरी डेमोंस्ट्रेशन और इंटरएक्टिव सेशंस के जरिए युवा डॉक्टरों को उन्नत सर्जिकल तकनीकों की जानकारी दी जाएगी. इससे न केवल उनकी विशेषज्ञता में वृद्धि होगी, बल्कि वे भविष्य में अपने मरीजों को बेहतर उपचार दे सकेंगे. इस वर्कशॉप के आयोजन में कई वरिष्ठ यूरो सर्जन सक्रिय रूप से योगदान दे रहे हैं. आयोजन समिति में शामिल प्रमुख चिकित्सक हैं:
• डॉ. आर.सी. गुप्ता (वरिष्ठ यूरो सर्जन)
• डॉ. विपुल टंडन
• डॉ. अमित त्रिपाठी
• डॉ. दीपक गुप्ता
• एवं अन्य वरिष्ठ चिकित्सक
इस आयोजन के माध्यम से 12 जरूरतमंद मरीजों की सर्जरी निःशुल्क की जाएगी. ऐसे मरीज, जिन्हें आर्थिक कारणों से उच्च स्तरीय उपचार नहीं मिल पाता, उन्हें इस कार्यशाला का सीधा लाभ मिलेगा. यूरोलॉजिकल समिति प्रयागराज एवं यूरो सर्जरी विभाग द्वारा किए जा रहे इस प्रयास से प्रयागराज और आसपास के मरीजों को अत्याधुनिक चिकित्सा सुविधा मिलेगी. साथ ही, यह कार्यशाला मेडिकल क्षेत्र में नवीनतम तकनीकों को सीखने और अपनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगी.