डायरी नहीं भेजने पर कारण बताओ नोटिस

मधुबनी : अनुसंधान कर्ता को समय से न्यायालय में डायरी नहीं भेजना महंगा पड़ा. जिला एवं सत्र न्यायाधीश ओमप्रकाश द्वितीय ने इसे गंभीरता से लेते हुए बेनीपट्टी थाना कांड संख्या 24/17 के अनुसंधान कर्ता को कारण बताओ नोटिस जारी किया है. मामला द्वितीय जमानत आवेदन संख्या 242/17 से संबंधित है. लोक अभियोजक राजेंद्र राय ने […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | June 7, 2017 4:50 AM

मधुबनी : अनुसंधान कर्ता को समय से न्यायालय में डायरी नहीं भेजना महंगा पड़ा. जिला एवं सत्र न्यायाधीश ओमप्रकाश द्वितीय ने इसे गंभीरता से लेते हुए बेनीपट्टी थाना कांड संख्या 24/17 के अनुसंधान कर्ता को कारण बताओ नोटिस जारी किया है. मामला द्वितीय जमानत आवेदन संख्या 242/17 से संबंधित है. लोक अभियोजक राजेंद्र राय ने जानकारी देते हुए बताया कि बार-बार पत्र देने के बाद भी अनुसंधानकर्ता द्वारा डायरी नहीं भेजने पर न्यायालय द्वारा कारण बताओ नोटिस जारी किया है.

क्या है मामला. बेनीपट्टी थाना क्षेत्र के कटैया निवासी मोहन यादव द्वारा गांव के जामुन मुखिया उनके पुत्र राय बाबू सहित अन्य पर शादी शुदा पुत्री को अपहरण करने को मामले को लेकर प्राथमिकी दर्ज करायी गई थी. इसी बाबत उक्त कांड के अभियुक्त जामुन मुखिया, पितांबर मुखिया, मंगल मुखिया, जगदीश मुखिया एवं राम सुंदरी देवी द्वारा जिला एवं सत्र न्यायाधीश के न्यायालय में 21 फरवरी को अग्रिम जमानत आवेदन दाखिल किया. न्यायालय द्वारा 22 फरवरी को मुकदमा से संबंधित डायरी कि मांग कि थी. लेकिन, लोक अभियोजक द्वारा पांच पत्र देने के बाद भी अनुसंधानकर्ता द्वारा अब तक डायरी नहीं भेजा गया था.
न्यायालय ने इसे गंभीरता से लेते हुए अनुसंधान कर्ता को कारण बताओ नोटिस जारी किया है.