कटौझा में बागमती खतरे के निशान से ऊपर

मुजफ्फरपुर : नेपाल की बारिश का असर तीसरे दिन बुधवार को उत्तर बिहार की नदियों में दिखा. कुछ स्थानों पर जलस्तर बढ़ रहा, तो कुछ स्थानों पर जलस्तर घट रहा है. जलस्तर बढ़ने के कारण बागमती नदी कटौझा में खतरे के निशान को पार गयी. वहीं, बेनीबाद में पानी खतरे के निशान के बहुत समीप […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | July 13, 2017 9:43 AM
मुजफ्फरपुर : नेपाल की बारिश का असर तीसरे दिन बुधवार को उत्तर बिहार की नदियों में दिखा. कुछ स्थानों पर जलस्तर बढ़ रहा, तो कुछ स्थानों पर जलस्तर घट रहा है. जलस्तर बढ़ने के कारण बागमती नदी कटौझा में खतरे के निशान को पार गयी. वहीं, बेनीबाद में पानी खतरे के निशान के बहुत समीप है. गंडक नदी चटिया में खतरे के निशान से ऊपर बह रही है. विभाग की रिपोर्ट के अनुसार, चटिया में खतरे का निशान 69.14 मीटर है, जबकि वर्तमान में जलस्तर 66.96 मीटर रिकॉर्ड किया गया.
जल संसाधन विभाग के अनुसार, बुधवार को गंडक नदी बराज से दिनभर में 8.50 लाख क्यूसेक पानी छोड़ा गया. बागमती नदी के बेनीबाद व हायाघाट में पानी बढ़ रहा है, जबकि अन्य स्थानों पर पानी घट रहा है. बूढ़ी गंडक नदी का पानी चनपटिया व सिकंदरपुर में पानी स्थिर है, जबकि लालबेगिया व अहिरवालियो में पानी बढ़ रहा है.
गंडक नदी में वाल्मीकि नगर में पानी घट रहा है, जबकि खड्डा, चटिया, रेवाघाट में पानी स्थिर है. वहीं, हाजीपुर, लालगंज में पानी बढ़ रहा है.
अधवारा समूह की नदी सुंदरपुर में घट रही है. वहीं, पुपरी में स्थिर व सोनबरसा में बढ़ रहा है. विभाग का कहना है कि नदियों का पानी तीन ट्रेंड में बह रहा है. कहीं पानी घट रहा है, कहीं बढ़ रहा है, तो कई स्थानों पर स्थिर है.