मुद्रा प्रोत्साहन कैंप के उद‍्घाटन में बोले आरके सिंह ,गारंटी नहीं, साख पर मिलेगा मुद्रा लोन : मंत्री

मुजफ्फरपुर: केंद्रीय ऊर्जा राज्य मंत्री आरके सिंह ने कहा कि मुद्रा लोन देश की अर्थव्यवस्था व रोजगार में क्रांति ला सकती है. बेरोजगारी की समस्या का काफी हद तक दूर हो सकती है. बशर्ते योजना को सही तरीके से धरातल पर उतारा जाये. बैंक का पूरा सहयोग नहीं होने के कारण विकास की रफ्तार गति […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | October 14, 2017 10:58 AM
मुजफ्फरपुर: केंद्रीय ऊर्जा राज्य मंत्री आरके सिंह ने कहा कि मुद्रा लोन देश की अर्थव्यवस्था व रोजगार में क्रांति ला सकती है. बेरोजगारी की समस्या का काफी हद तक दूर हो सकती है. बशर्ते योजना को सही तरीके से धरातल पर उतारा जाये. बैंक का पूरा सहयोग नहीं होने के कारण विकास की रफ्तार गति नहीं पकड़ रही है. बैंक के अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि लोन के लिए लोगों को बेवजह परेशान नहीं करे. अगर कोई शाखा प्रबंधक मुद्रा लोन के लिए गारंटी मांगे, तो जनता शिकायत करें, इसमें त्वरित कार्रवाई होगी.
इसको लेकर प्रशासन के अधिकारी प्रत्येक माह बैंकरों केसाथ समीक्षा करे. बैंक व प्रशासन के बेहतर समन्वय से इसे गति मिलेगी. उन्होंने कहा कि ऋण लेनेवाले लाभुकों की भी यह जिम्मेवारी है कि वे निर्धारित अवधि में ऋण चुकता करें. वे शुक्रवार को मुजफ्फरपुर क्लब में आयोजित मुद्रा प्रोत्साहन कैंप के उद‍्घाटन के अवसर पर बोल रहे थे. केंद्रीय मंत्री ने कहा कि लोन लेने में गारंटी की जरूरत नहीं है, लेकिन ऋण के साख व आचरण का मूल्यांकन होगा. इन्होंने स्टॉल का निरीक्षण किया.
पशुपालन सह जिले के प्रभारी मंत्री पशुपति पारस ने कहा कि प्रधानमंत्री की तमाम योजनाएं सामान्य तबके के लोगों के लिए है. बैंक को ऋण देने में सकारात्मक रुख अपनाना चाहिए. शिविर में विधायक केदार गुप्ता, प्रमंडलीय आयुक्त एचआर श्रीनिवास, डीएम धर्मेंद्र सिंह, सेंट्रल बैंक के ईडी पी रमनमूर्ति, वित्त विभाग के आरएन दूबे, एसबीआइ के जीएम वीएस नेगी, एसएलबीसी एजीएम राजीव कुमार दास, सेंट्रल बैंक जेडएम एमके बजाज, एसआरएम एके मिश्रा, एसबीआइ डीजीएम अनिल ग्रोवर, एलडीएम डॉ एनके सिंह सहित विभिन्न बैंकों के वरीय अधिकारी मौजूद थे.
मुद्रा योजना में अधिकतम दस लाख का लोन
प्रधानमंत्री मुद्रा योजना के तहत लाभुकों को दस लाख रुपये तक का लोन मिल सकता है. लेकिन इसे तीन वर्ग में बांटा गया है. छोटे कारोबार के लिए शिशु योजना के तहत अधिकतम 50 हजार रुपये तक लोन मिलता है. मध्यम व्यवसाय के लिए किशोर योजना के तहत पांच लाख रुपये तक और बड़े व्यापार के लिए दस लाख रुपये तक का लोन दिया जाता है. राज्य में अबतक 78 लाख लाभुक को 24,531.92 करोड़ का मुद्रा लोन दिया जा चुका है. वहीं पूरे देश में 9.18 करोड़ लाभुकों को 3,98,734.3 करोड़ का लोन दिया जा चुका है.