सड़क हादसे में 80% मौत बिना हेलमेटवालों की
मुजफ्फरपुर: देश में हर एक लाख 46 हजार 233 लोगों की मौत सड़क दुर्घटना में हो जाती है. इसमें करीब पांच से छह हजार लोगों की मौत बिहार में होती है. लगभग 78 प्रतिशत दुर्घटना का कारण गाड़ी चलाने वाले चालक की लापरवाही से होती है, इसमें 80 प्रतिशत मौत बिना हेलमेट के कारण होती […]
मुजफ्फरपुर: देश में हर एक लाख 46 हजार 233 लोगों की मौत सड़क दुर्घटना में हो जाती है. इसमें करीब पांच से छह हजार लोगों की मौत बिहार में होती है. लगभग 78 प्रतिशत दुर्घटना का कारण गाड़ी चलाने वाले चालक की लापरवाही से होती है, इसमें 80 प्रतिशत मौत बिना हेलमेट के कारण होती है. उक्त बातें डीटीओ माे नजीर अहमद रविवार को रेडक्रॉस सभागार में आयोजित सड़क सुरक्षा सत्याग्रह के समापन समारोह को संबोधित करते हुए कही.
बिहार राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण की ओर से सड़क सुरक्षा को लेकर इस सत्याग्रह की शुरुआत की गयी. डीटीओ ने कहा कि प्राकृतिक आपदा सुनामी, भूकंप में 20-25 हजार लोग मरते हैं तो हंगामा होता है. सरकार गंभीर हो जाती है. लेकिन हर साल जहां करीब डेढ़ लाख लोग सड़क दुर्घटना में मर रहे हैं, इसके प्रति और गंभीर होना चाहिए.
पटना से आये प्राधिकरण एचआइडी के प्रोजेक्ट ऑफिसर डॉ जीवन कुमार ने कहा कि सरकार की ओर से पहल की गयी है. साथ इस काम में ब्रिगेड ऑफ बुल्स राइडर की टीम ने बाइक पर सवार होकर सुरक्षित बाइक चलाने के टिप्स दिये. मौके पर बिहार मोटर फेडरेशन के प्रदेश अध्यक्ष उदय शंकर प्रसाद सिंह, रेडक्रॉस के हरेराम मिश्रा, ऑल इंडिया रोड ट्रांसपोर्ट वर्कर्स फेडरेशन के महासचिव राज कुमार झा, बुल्स राइडर के सचिव धर्मवीर गुप्ता, अनिल कुमार, ऑटो यूनियन के अध्यक्ष एआर अन्नु, इलियास इलु, पप्पू झा आदि थे.
