डोर टू डोर घूम कर शिक्षक तैयार करेंगे बाल पंजी
– 0-14 आयु वर्ग के बच्चों का रखना है रिकॉर्ड – वर्ष 2020 तक के लिए बना बाल पंजी संवाददाता, मुजफ्फरपुर जिले के मध्य, प्राथमिक व बुनियादी विद्यालयों के बच्चों का बाल पंजी तैयार किया जायेगा. इसके तहत शिक्षकों को विद्यालय क्षेत्र के अंतर्गत डोर टू डोर जाकर 0-14 आयु वर्ग के बच्चों का रिकॉर्ड […]
– 0-14 आयु वर्ग के बच्चों का रखना है रिकॉर्ड – वर्ष 2020 तक के लिए बना बाल पंजी संवाददाता, मुजफ्फरपुर जिले के मध्य, प्राथमिक व बुनियादी विद्यालयों के बच्चों का बाल पंजी तैयार किया जायेगा. इसके तहत शिक्षकों को विद्यालय क्षेत्र के अंतर्गत डोर टू डोर जाकर 0-14 आयु वर्ग के बच्चों का रिकॉर्ड इकट्ठा करना है. यह कार्य शिक्षक विद्यालय अवधि के पूर्व व बाद में करेंगे. इस बार बाल पंजी के संधारण में विभागीय स्तर पर काफी बदलाव किया गया है. इसके तहत 30 सितंबर 2014 की स्थिति को लेकर आकड़ा जुटाना है. यह पंजी 2020 तक के लिए तैयार की गयी है. इस बाल पंजी के प्रपत्र में कुल 44 कॉलम हैं. इसमें 1 से 26 तक का कॉलम प्रथम वर्ष में भरना है. बाकी के कॉलम 2020 तक अद्यतन किया जाना है. परियोजना के संभाग प्रभारी सुजीत कुमार ने बताया कि बाल पंजी तैयार करने को लेकर प्रखंडवार प्रशिक्षण का कार्य पूरा कर लिया गया है. वहीं विभागीय स्तर पर बिहार शिक्षा परियोजना कार्यालय में बाल पंजी उपलब्ध करा दी गयी है. जल्द ही विद्यालयों को पंजी वितरण किया जायेगा. बता दें कि इससे पूर्व 2011 में पंजी तैयार करने को लेकर योजना बनायी गयी थी. उस समय विद्यालय स्तर पर संधारण का काम शुरू किया गया. लेकिन शिक्षा विभाग को कुछ खास सफलता नहीं मिल सकी.
