परिवार नियोजन में महिलाओं की बढ़ी रुचि, 7 गुना अधिक उपयोग
Women's interest in family planning increased, 7 times more use
55.7% महिलाओं ने अपनाया कॉपर टी, अंतरा बंध्याकरण में भी 45% महिलाओं की भागीदारी पुरुष नसबंदी में अभी भी झिझक बरकरार वरीय संवाददाता, मुजफ्फरपुर: मुजफ्फरपुर जिले में परिवार नियोजन के प्रति महिलाओं की रुचि तेजी से बढ़ रही है. स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के अनुसार, हाल ही में आयोजित पखवाड़े के दौरान महिलाओं ने परिवार नियोजन के विभिन्न उपायों को 7 गुना अधिक अपनाया है. कॉपर टी और अंतरा: जिले की 55.7% महिलाओं ने परिवार नियोजन के लिए कॉपर टी और अंतरा जैसे तरीकों को अपनाया है. बंध्याकरण: 45% महिलाओं ने बंध्याकरण कराया है. कुल उपयोग: जिले में 66.1% महिलाओं ने परिवार नियोजन के स्थायी और अस्थायी साधनों का उपयोग किया है. लक्ष्य और प्रोत्साहन राशि: स्वास्थ्य विभाग ने प्रत्येक पीएचसी को 10 पुरुष नसबंदी, 60 बंध्याकरण, 100 कॉपर टी और 200 अंतरा का लक्ष्य दिया है. एनजीओ को 20 नसबंदी, 70 बंध्याकरण, 20 कॉपर टी और 50 अंतरा का लक्ष्य दिया गया है. यूपीएचसी को 10 नसबंदी, 20 बंध्याकरण, 30 कॉपर टी और 50 अंतरा के लिए लोगों को प्रेरित करने का लक्ष्य है. सरकार बंध्याकरण कराने वाली महिलाओं को 2,000 रुपये और आशा को 200 रुपये की प्रोत्साहन राशि देती है. पुरुष नसबंदी कराने वालों को 3,000 रुपये और प्रेरित करने वालों को 400 रुपये दिए जाते हैं. सिविल सर्जन की राय: सिविल सर्जन डॉ. अजय कुमार ने कहा कि परिवार नियोजन में महिलाएं अब आगे आ रही हैं और हम दो, हमारे दो के नारे को अपना रही हैं. हालांकि, पुरुष नसबंदी कराने में अभी भी हिचकिचा रहे हैं. उन्होंने कहा कि पुरुषों के लिए प्रोत्साहन राशि महिलाओं से अधिक होने के बावजूद, पुरुष परिवार नियोजन को महिलाओं की जिम्मेदारी मानते हैं.
डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
