पटना : बेटी तो खो ही चुका… दोषी ड्राइवर को सजा मिलने की भी उम्मीद नहीं

छलका दर्द . सड़क हादसे में जान गंवाने वाली निफ्ट की छात्रा प्रीति के दाह संस्कार पर फफक पड़े पिता विनोद पटना : मैं तो अपनी बेटी खो चुका. जानता हूं कुछ भी कर लूं, वो वापस नहीं मिल सकती. यह जरूर चाहता हूं कि दोषी ड्राइवर को सख्त-से-सख्त सजा मिले, ताकि ऐसे लोगों की […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | April 21, 2018 9:26 AM
छलका दर्द . सड़क हादसे में जान गंवाने वाली निफ्ट की छात्रा प्रीति के दाह संस्कार पर फफक पड़े पिता विनोद
पटना : मैं तो अपनी बेटी खो चुका. जानता हूं कुछ भी कर लूं, वो वापस नहीं मिल सकती. यह जरूर चाहता हूं कि दोषी ड्राइवर को सख्त-से-सख्त सजा मिले, ताकि ऐसे लोगों की लापरवाही से मेरी तरह किसी और को भी अपनी बेटी नहीं खोनी पड़े. निफ्ट की दुर्घटनाग्रस्त छात्रा प्रीति भारती के पिता विनोद कुमार खलीफा उसके दाह संस्कार के समय यह कहते हुए फफक पड़े. अपनी भावनाओं पर खुद काबू करते हुए उन्होंने थोड़ा रुक कर कहा कि व्यवस्था ऐसी है और ऐसा अपना मोटर व्हीकल कानून है कि सच पूछें, तो दोषी को सजा मिलने की भी उम्मीद नहीं है. शुक्रवार दोपहर बाद तोझी बाजार, परसा (जिला छपरा) में प्रीति का अंतिम संस्कार किया गया.
कैंपस सेलेक्शन की खुशखबरी देने जा रही थी जब हुआ हादसा: दुर्घटना में जान गंवाने वाली निफ्ट की छात्रा ने सुबह ही अपने कैंपस सेलेक्शन का रिजल्ट देखा था. निफ्ट दिल्ली में इंटर्नशिप के लिए चयन हो जाने की खुशखबरी अपने घर के लोगों और पिता को देने के बाद साथी छात्र-छात्राओं को देने के लिए कॉलेज जा रही थी. उसी समय वह स्कूटी समेत ट्रक की चपेट में आ गयी. हादसे के बाद स्थानीय लोगों ने प्रीति को फोर्ड हॉस्पिटल तक पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित किया. निफ्ट की तृतीय वर्ष की छात्रा प्रीति की पहचान दुर्घटना के बाद निफ्ट के आईकार्ड से हुई. घर के लोगों को हादसे की जानकारी एक व्यक्ति द्वारा प्रीति का आईकार्ड लेकर आने से हुई.
शादी की तैयारियों में व्यस्त था परिवार: तीन बहन और एक भाई में प्रीति दूसरे नंबर पर थी. जुलाई में प्रीति की बड़ी बहन की शादी होने वाली है. पूरा परिवार उल्लास के साथ तैयारियां कर रहा था. लेकिन इस घटना की जानकारी मिलते ही परिवार सदमे में डूब गया है. नवादा में रहने वाले पिता भी घटना की सूचना मिलते ही भागे-भागे आये. शुक्रवार की सुबह पूरा परिवार प्रीति का शव लेकर पैतृक गांव तोझी बाजार, परसा (जिला छपरा) चला गया.
ट्रैफिक थाने में अज्ञात के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज
निफ्ट की छात्रा प्रीति की मौत मामले में अज्ञात चालक के खिलाफ गांधी मैदान ट्रैफिक थाने में प्राथमिकी दर्ज कर ली गयी है. मुन्ना खलीफा ने अपनी लिखित शिकायत में जानकारी दी है कि प्रीति अपनी स्कूटी से जा रही थी और उसके पीछे वह अपनी बाइक से था. इसी बीच दशरथा मोड़ पर उल्टी दिशा से चालक लापरवाही से ट्रक चलाते हुए आया और उसकी स्कूटी में टक्कर मार दी.
क्या कहना है इनका
सड़क दुर्घटना के लिए अभियोजन पक्ष का एक
अलग विंग बनाने की जरूरत है. इससे काम में एक्सपर्टीज बढ़ेगी व मामलों में सजा दिलवाने की दर में वृद्धि होगी. ऐसे मामलों में सजा को बढ़ाने पर भी विचार होना चाहिए, तभी लोगों में भय होगा और रैश ड्राइविंग की प्रवृत्ति पर रोक लगेगी.
-अनिल कुमार सिन्हा, अधिवक्ता, पटना हाईकोर्ट
ट्रायल का लंबे समय तक चलना ऐसे मामलों के कमजोर होने और दोषियों के छूटने की एक बड़ी वजह होती है. इसलिए फास्ट ट्रायल चलाकर ऐसे मामलों के जल्द निबटारे पर जोर दिया जाये. उन्हें भी ऐसे मामलों में छूट दी जानी चाहिए ताकि लोग इसके लिए आगे आएं.
-विंध्याचल सिंह अधिवक्ता, पटना हाईकोर्ट
इस साल 38 की मौत, मात्र छह चालक िगरफ्तार
इस साल 1 जनवरी से 20 अप्रैल तक पटना के तीन ट्रैफिक थानों में 94 सड़क दुर्घटना के मामले दर्ज हो चुके हैं. इन दुर्घटनाओं में 38 लोगों की मौत हो चुकी है. केवल छह वाहन चालकों को ही पकड़ा जा सका. 88 वाहन चालक वारदात से फरार हो गये. इनमें से कुछ ने बाद में अदालत में समर्पण किया जबकि कुछ ने जमानत लिया. ज्यादातर दोषी वाहन चालक अभी भी फरार चल रहे हैं. ऐसे में पीड़ित पक्ष के मन में शंका आना स्वाभाविक है.
पटना में हुई सड़क दुर्घटनाएं
ट्रैफिक थाना दुर्घटना मौत पकड़ाया
गांधी मैदान 45 14 2
बाइपास 34 13 3
सगुना मोड़ 15 11 1
नोट – 1 जनवरी से 20 अप्रैल, 2018 के बीच के आंकड़े

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