पटना : पांच मुहल्लों में पाइपलाइन बिछेगी, जलमीनारें भी बनेंगी
पटना : उत्तरी पटना से जुड़े पांच बड़े मुहल्लों में पेयजल डिस्ट्रीब्यूशन नेटवर्क की स्थिति बेहतर होगी. शेखपुरा, एसके नगर, एसके पुरी, अदालतगंज व अंटाघाट के मुहल्लों में नयी पाइपलाइन बिछाने के साथ ही पांच जलमीनार (ओवर हेड वाटर टैंक) भी बनाये जायेंगे. इसकी मदद से 33120 घरों को पेयजल की आपूर्ति होगी. कैबिनेट की […]
पटना : उत्तरी पटना से जुड़े पांच बड़े मुहल्लों में पेयजल डिस्ट्रीब्यूशन नेटवर्क की स्थिति बेहतर होगी. शेखपुरा, एसके नगर, एसके पुरी, अदालतगंज व अंटाघाट के मुहल्लों में नयी पाइपलाइन बिछाने के साथ ही पांच जलमीनार (ओवर हेड वाटर टैंक) भी बनाये जायेंगे.
इसकी मदद से 33120 घरों को पेयजल की आपूर्ति होगी. कैबिनेट की स्वीकृति के बाद नगर विकास एवं आवास विभाग ने इस परियोजना के लिए करीब 49.71 करोड़ रुपये की प्रशासनिक स्वीकृति देते हुए 19.71 करोड़ रुपये का आवंटन भी नगर निगम को उपलब्ध करा दिया है. बुडको के माध्यम से भारत इंफ्राकॉन प्राइवेट लिमिटेड कंपनी यह काम पूरा करेगी.
पटना नगर निगम के 11 वार्ड होंगे लाभान्वित
इस मंजूरी से पटना नगर निगम के 11 वार्ड लाभान्वित होंगे. इनमें वार्ड संख्या 04, 09, 21, 22, 23, 24, 25, 27, 29, 39 व 40 नंबर वार्ड के निवासियों को फटे पाइप से गंदे पानी की आपूर्ति से राहत मिलेगी.
पानी के भंडारण को लेकर पांच जगहों पर एक-एक ओवर हेड वाटर टैंक स्थापित किये जायेंगे, ताकि सुचारु रूप से पेयजल की आपूर्ति की जा सके. हाउस कनेक्शन देते वक्त एजेंसी मकान मालिक का नाम, पता, आधार नंबर, मोबाइल नंबर एवं तस्वीर के अलावा एक मकान मालिक से कनेक्शन जुड़ने का प्रमाण पत्र भी लेगी.
2012 का ही प्रोजेक्ट फिर हुआ चालू
पटना जलापूर्ति योजना के तहत यह प्रोजेक्ट वर्ष 2012 में ही चालू हुआ था, लेकिन पटना नगर निगम व तत्कालीन एजेंसी गैमन इंडिया की लापरवाही के चलते वर्ष 2014 में रद्द हो गया. विभाग ने उस वक्त एजेंसी की बैंक गारंटी राशि 66 करोड़ भी जब्त कर ली थी. वर्ष 2017 में पटना शहर को पुन: चार भागों में बांट कर जलापूर्ति की निविदा निकाली गयी, जिसमें से एक भाग के लिए ही एजेंसी चयनित कर राशि का आवंटन हो सका है. शेष तीन भाग के लिए अब भी एजेंसी के चयन का इंतजार है.