दिल में छेद से पीड़ित अब तक 1409 बच्चों को मिली नयी जिंदगी

राज्य सरकार की बाल ह्रदय योजना के तहत अब तक दिल में छेद की समस्या से पीड़ित 1409 बच्चों को नयी जिंदगी मिली है.

By Prabhat Khabar News Desk | July 8, 2024 1:08 AM

बाल ह्रदय योजना संवाददाता, पटना राज्य सरकार की बाल ह्रदय योजना के तहत अब तक दिल में छेद की समस्या से पीड़ित 1409 बच्चों को नयी जिंदगी मिली है. अब राज्य के दो चिकित्सीय संस्थान आइजीआइसी एवं आइजीआइएमएस में भी जन्म से ह्रदय रोग से पीड़ित बच्चों का ऑपरेशन किया जा रहा है. अभी तक इंदिरा गांधी हृदय रोग संस्थान (आइजीआइसी) में 240 एवं इंदिरा गांधी आयुर्विज्ञान संस्थान ( आइजीआइएमएस) में 33 बच्चों का सफल ऑपरेशन किया गया है. वहीं सबसे अधिक श्री सत्य सांईं हार्ट अस्पताल, अहमदाबाद में 1136 बच्चों का सफल ऑपरेशन किया गया है. 19 जून को 20 और बच्चों को फ्लाइट द्वारा ऑपरेशन के लिए श्री सत्य सांईं हृदय अस्पताल, अहमदाबाद भेजा गया था. यह जानकारी हाल में हुई एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक में दी गयी है. फरवरी 2021 में हुई बाल हृदय योजना की शुरुआत राज्य सरकार द्वारा दिल में छेद की समस्या से जूझ रहे बच्चों के इलाज के लिए फरवरी 2021 में बाल हृदय योजना की शुरुआत की गयी थी. योजना के तहत सरकार दिल में छेद पीड़ित बच्चों की नि:शुल्क जांच और इलाज कराती है. बच्चों की जांच इंदिरा गांधी हृदय रोग संस्थान ( आइजीआइसी) एवं आइजीआइएमएस में करायी जाती है. जिन बच्चों को ऑपरेशन की आवश्यकता होती है, उन्हें सरकारी खर्च पर एक अभिभावक के साथ अहमदाबाद भी भेजा जाता है. राज्य सरकार द्वारा छह वर्ष से कम उम्र के बच्चे के साथ मां के अलावा एक और परिजन के खर्च भी वहन किया जाता है. प्रशान्ति मेडिकल सर्विसेज एंड रिसर्च फाउंडेशन के सहयोग से अहमदाबाद के श्री सत्य सांईं हृदय अस्पताल में बच्चों का ऑपरेशन किया जाता है.

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