‘ये मुस्लिम विरोधी नहीं…’ वक्फ बिल के साथ जदयू, ललन सिंह ने संसद में कहा- पारदर्शिता जरूरी है…

जदयू ने वक्फ बोर्ड संसोधन बिल का समर्थन किया है. संसद में जदयू सांसद ललन सिंह ने कहा कि ये बिल मुसलमानों के खिलाफ नहीं है.

By ThakurShaktilochan Sandilya | August 8, 2024 2:32 PM
an image

Waqf board amendment bill 2024: लोकसभा में वक्फ बिल गुरुवार को पेश किया गया. विपक्ष ले वक्फ बोर्ड संशोधन विधेयक का विरोध किया जबकि एनडीए में शामिल भाजपा के साथी दलों ने इसका समर्थन किया है. जदयू ने भी वक्फ बिल को अपना समर्थन दिया. जदयू सांसद सह केंद्रीय मंत्री राजीव रंजन सिंह उर्फ ललन सिंह ने इस बिल का समर्थन करते हुए संसद में कहा कि ये बिल मुस्लिम विरोधी नहीं है. उन्होंने समर्थन देने की वजह भी बतायी.

ललन सिंह ने कहा-ये मुस्लिम विरोधी नहीं

संसद में वक्फ बिल के समर्थन में बोलते हुए जदयू सांसद सह केंद्रीय मंत्री ललन सिंह ने कहा कि मैंने कई साथियों की बात यहां सुनी. कई साथियों की बात सुनने पर ऐसा लगा कि जैसे ये जो संसोधन बिल वक्फ बोर्ड को लेकर लाया गया वो मुसलमान विरोधी है. मैं पूछता हूं कहां से ये मुसलमान विरोधी है. इसका कौन सा कानून इसे मुसलमान विरोधी दिखाता है?

आपकी मस्जिद से छेड़छाड़ नहीं हो रहा- बोले ललन सिंह

ललन सिंह ने विपक्ष को निशाने पर लिया और कहा कि यहां अयोध्या के मंदिर का उदाहरण दिया जा रहा है. अगर मंदिर और संस्था में आपको अंतर समझ नहीं आ रहा है तो कौन सा तर्क खोज रहे हैं.? ललन सिंह ने कहा कि ये मंदिर नहीं है. आपकी मस्जिद से छेड़छाड़ का प्रयास नहीं किया जा रहा है. यह कानून से बना हुआ एक संस्था है. उस संस्था को चलाने और पारदर्शी बनाने के लिए एक कानून बनाया जा रहा है.

ALSO READ: Parliament Session Live: वक्फ बिल लोकसभा में पेश, अखिलेश यादव के बयान पर भड़के अमित शाह

ललन सिंह ने सिख दंगे का राग छेड़कर विपक्ष को घेरा

ललन सिंह ने कहा कि ये वफ्क बोर्ड कैसे बना. यह बना भी तो किसी कानून से है. कानून से बना हुआ कोई भी संस्था निरंकुश होगा तो उसमें पारदर्शिता लाने का अधिकार सरकार को है. ये (विपक्ष) मंदिर से तुलना कर रहे हैं. इसका कोई तुक ही नहीं है. धर्म के नाम पर कोई बंटवारा नहीं हो रहा है. ये भ्रम फैला रहे हैं. ललन सिंह ने विपक्ष पर हमला बोलते हुए कहा कि ये अल्पसंख्यक की बात करते हैं. इस देश में हजारों पंजाबी सिखों की हत्या किसने की थी. आपकी पार्टी ने की थी और हम उसके गवाह हैं. क्या टैक्सी ड्राइवर ने इंदिरा गांधी की हत्या की थी. सड़कों पर घूम-घूमकर हत्या की गयी थी.

बिल को समर्थन देने की वजह बतायी…

ललन सिंह ने कहा कि इस बिल को हमारा समर्थन है और ये बिल आना चाहिए. पारदर्शिता होनी चाहिए. हमारी भी यही मांग है. बता दें कि अपना संबोधन शुरू करने के पहले जब ललन सिंह ने विपक्षी नेताओं का विरोध में उठा सुर सुना तो उन्होंने कहा कि जेडीयू यहां पार्टी है. ये वोट कर रहा हो या समर्थन. हमें अपनी बात रखने का अधिकार है.

Exit mobile version