दिन भर बंद रहीं दवा दुकानें, मरीज हलकान
सासाराम सदर : बिहार केमिस्ट्स एंड ड्रगिस्ट्स एसोसिएशन के आह्वान पर बुधवार से थोक व खुदरा दवा दुकानदारों ने विभिन्न मांगों को लेकर हड़ताल की. इस दौरान पूरे जिले में दवा की दुकानें बंद रहीं.... वहीं रात में नौ बजे के बाद हड़ताल खत्म हो गयी. बता दें कि हड़ताल के कारण मरीजों को थोड़ी […]
सासाराम सदर : बिहार केमिस्ट्स एंड ड्रगिस्ट्स एसोसिएशन के आह्वान पर बुधवार से थोक व खुदरा दवा दुकानदारों ने विभिन्न मांगों को लेकर हड़ताल की. इस दौरान पूरे जिले में दवा की दुकानें बंद रहीं.
वहीं रात में नौ बजे के बाद हड़ताल खत्म हो गयी. बता दें कि हड़ताल के कारण मरीजों को
थोड़ी परेशानी हुई. लेकिन, स्वास्थ्य विभाग व कुछ दुकानदारों की सहमति से जिले में 60 दवा दुकानें खुली
रहीं. इससे मरीजों को राहत मिली. हालांकि एसोसिएशन के सदस्यों ने इन दवा दुकानों को भी बंद रखने का दावा किया. इधर सदर अस्पताल, अनुमंडल अस्पताल, पीएचसी, एपीएचसी में मरीजों को दवा मिली, तो वही अधिकांश निजी नर्सिंग होम में स्थित दवा दुकानें खुली रहीं. शहर के रौजा रोड स्थित अधिकतर दवा दुकानों का शटर गिरा रहा. हड़ताल की सफलता को लेकर दोपहर में सासाराम केमिस्ट्स एंड ड्रगिस्ट्स एसोशिएशन ने बैठक की.
राजपुर में भी बंद रहीं दवा दुकानें: राजपुर. बिहार केमिस्ट एंड ड्रगिस्टस एसोसिएशन के आह्वान पर प्रखंड के दवा दुकानदारों ने छह सूत्री मांगों को लेकर बुधवार को अपनी दुकानों को तीन दिनों के लिए बंद कर विरोध जताया. संघ समर्थित जिला व प्रखंड के पदाधिकारियों के साथ स्थानीय दुकानदारों ने बाजार में घूम-घूम कर थोक व खुदरा विक्रेताओं से अनुरोध कर दुकानें बंद करायी गयीं.
साथ ही बंद की सफलता को भी सुनिश्चित किया गया. बंदी के समर्थन में सुकृत मेडिकल, चौधरी मेडिकल, सूरज नारायण मेडिकल, किसान मेडिकल, गुप्ता, पूजा मृदुल, कमल व तिवारी समेत अन्य सभी मेडिकल स्टोर शामिल हैं.
इन दुकानों पर मिलीं दवाएं
सासाराम में रानी मेडिकल हॉल, धनवंतरी मेडिकल हॉल, चंद्रा मेडिकल हॉल, रवि मेडिकल हॉल, संकट मोचन मेडिकल्स, सस्ता मेडिकल हॉल, देवी मेडिकल्स, स्टार फार्मा, श्रद्धा मेडिकल हॉल, नवजीवन मेडिकल हॉल, अंकित मेडिकल हॉल, गौतम मेडिकल हॉल, शारदा मेडिको, विकास मेडिसीन कॉर्नर, पोपुलर मेडिकल स्टोर, लाइफ लाइन मेडिकल हॉल, डेहरी में शर्मा मेडिकल हॉल, विजय मेडिकल स्टोर, लड्डू मेडिकल्स, सांध्वी मेडिकल हॉल, दवा घर, तिलौथू-पारस मेडिकल हॉल, शारदा मेडिकल स्टोर, साधना मेडिकल हॉल, पंकज मेडिकल हॉल, न्यू नीलम मेडिकल हॉल, रोहतास (अकबरपुर) में आकाश मेडिकल हॉल, हिदुस्तान मेडिकल स्टोर, कश्यप मेडिकल हॉल, अशोक फार्मा, जनता मेडिकल स्टोर, बिक्रमगंज में करूण मेडिकल हॉल, शिवम मेडिकल हॉल, न्यू शिवम मेडिकल हॉल, कुमार मेडिकल हॉल, दवा घर, नासरीगंज में आनंद मेडिकल हॉल, दी बिहार मेडिको, चंदन मेडिकल हॉल, बालाजी मेडिकल हॉल, पंकज मेडिकल हॉल, अकोढ़ीगोला में रजनीश मेडिकल हॉल, बिहार मेडिकल हॉल, श्यामा मेडिकल हॉल, दावथ में मास्टर साहब का दावाखाना, कुमार मेडिकल हॉल, हिंदुस्तान मेडिकल हॉल, रवि मेडिकल्स व शंकर मेडिकल्स, दिनारा में फिरदौस मेडिकल हॉल, संझौली में भोलेशंकर मेडिकल हॉल, मिश्रा मेडिकल हॉल, सत्येंद्र मेडिकल हॉल, काराकाट (गोड़ारी) में राजू मेडिकल हॉल व महावीर मेडिकल हॉल, सूर्यपुरा में शिव शक्ति मेडिकल हॉल, शामा मेडिकल हॉल, कृष्णा मेडिकल न सक्रिय रहा.
औषधि प्रशासन पूरी तरह अलर्ट
दवा व्यवसायियों की हड़ताल से उत्पन्न होनेवाली समस्या से निबटने के लिए जिला औषधि प्रशासन पूरी तरह से अलर्ट रहा. इस संबंध में ड्रग इंस्पेक्टर विमल कुमार सिंह, नारायण चौधरी व कृष्णा कुमारी ने कहा कि हड़ताल के दौरान मरीजों को दवा लेने में कोई परेशानी न हो, इसके लिए शहर से लेकर जिले के कई प्रखंडों में वैकल्पिक व्यवस्था की गयी.
कई दुकानदारों ने अपनी दुकानों को खोलने की अपील की थी, जिसको देखते हुए जिला मुख्यालय सहित प्रखंडों में दर्जनों दवा दुकानों से आपसी सहमति से खुलने का आदेश दिया है.
एसोसिएशन ने किया शांतिपूर्ण प्रदर्शन
अपनी विभिन्न मांगों को लेकर सासाराम केमिस्ट्स एंड ड्रगिस्ट्स एसोसिएशन के सदस्यों ने रौजा रोड स्थित एसोसिएशन के कार्यालय पर शांतिपूर्ण प्रदर्शन किया. प्रदर्शन का नेतृत्व एसोसिएशन के सचिव निरंजन कुमार ने किया. उन्होंने कहा कि थोक व खुदरा दवा दुकानों को फार्मासिस्ट की उपलब्धता व तकनीकी गलती के नाम पर विभागीय उत्पीड़न व शोषण किया जा रहा है.
इसके खिलाफ हड़ताल बिहार केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट एसोसिएशन के आह्वान पर की जा रही है. इस दौरान जिले की सभी दवा दुकानें बंद हैं. मौके पर दवा दुकानदार सह जदयू नेता रिंकू सिंह, अर्जुन कुमार, सुमंत कुमार मिश्रा, आमोद तिवारी, विजय पटेल, दीपक वर्मा, विश्वनाथ कुमार, आलोक, रंजन तिवारी आदि उपस्थित थे.
लाखों का कारोबार हुआ प्रभावित: हड़ताल से दवा दुकानों की बिक्री प्रभावित हुई. दवा दुकानदार सह जदयू नेता रिंकू सिंह ने बताया कि खुदरा व थोक में प्रतिदिन 10 लाख रुपये की दवाएं बिकती हैं. हम हड़ताल पर जाना नहीं चाहते थे, पर सरकार के नियम से दवा की दुकानदारी प्रभावित होगी.
कई ऐसे नियम हैं, जिसका पालन करने में परेशानी हो रही है. ऐसे में हमारे सामने हड़ताल के अलावा कोई रास्ता नहीं बचा था. सरकार के रोज-रोज के झूठे आश्वासनों से तंग आकर अब हम आर-पार की लड़ाई लड़ने का मन बना चुके हैं.
