रेलवे अिधकारियों के बाद अब उनकी पत्नियों की खर्चीली पार्टी पर रोक

समस्तीपुर : रेलवे के अधिकारियों के बाद अब उनकी पत्नियों की ओर से होने वाली पार्टी व फिजूलखर्ची पर रोक लगा दी गयी है. उन्हें कम दिखावा करने और बेवजह के खर्चे से परहेज करने को कहा गया है. अगर संगठन की किसी बैठक के बाद चाय-पान हो, तो उसका खर्च भी सदस्यों की ओर […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | October 16, 2017 12:09 PM
समस्तीपुर : रेलवे के अधिकारियों के बाद अब उनकी पत्नियों की ओर से होने वाली पार्टी व फिजूलखर्ची पर रोक लगा दी गयी है. उन्हें कम दिखावा करने और बेवजह के खर्चे से परहेज करने को कहा गया है. अगर संगठन की किसी बैठक के बाद चाय-पान हो, तो उसका खर्च भी सदस्यों की ओर से एकत्र राशि में से ही हो. रिटायरमेंट के अलावा किसी तरह की विदाई पार्टियों पर पैसा खर्च न किया जाये.
यह अडवाइजरी रेलवे की महिला कल्याण संगठन की अध्यक्ष और रेलवे बोर्ड के चेयरमैन अश्विनी लोहानी की पत्नी अरुणिमा लोहानी की ओर से जारी की गयी है. बता दें कि रेलवे में अधिकारियों की पत्नियों का यह संगठन कई कल्याणकारी कार्य करता है. रेलवे बोर्ड के चेयरमैन की पत्नी इस संगठन की अध्यक्ष होती है. इसी तरह से जोनल स्तर व डीआरएम स्तर पर भी इस संगठन की अध्यक्ष अफसरों की पत्नियां ही होती हैं.
हाल ही में रेलवे बोर्ड का पदभार संभालने के बाद अश्विनी लोहानी ने बाकायदा यह निर्देश दिए था कि फूलों के गुलदस्तों पर फिजूलखर्ची न की जाये. अब अरुणिमा लोहानी की ओर से जारी अडवाइजरी में कहा गया है कि संगठन की बैठकों में साज सज्जा न की जाये. संगठन के कोष से किसी भी तरह के स्मृति चिन्ह और तोहफे न बांटे जायें.
इसी तरह से अगर बैठक के बाद चाय नाश्ता किया जाये, तो वह भी संगठन की तय राशि में से ही हो. विदाई कार्यक्रम तभी हो, जब कोई रिटायर हो रहा हो. इस पर भी दो हजार रुपये से अधिक व्यय नहीं होना चाहिए. इसी तरह से जन्मिदन पार्टियां भी नहीं होनी चाहिए.