पदाधिकारियों की शिथिलता से संघ आक्रोशित
लंबित समस्याओं के प्रति नहीं है गंभीर शिक्षा विभागसमस्तीपुर. शिक्षक संघ के द्वारा दिये गये आवेदनों पर कार्रवाई की शिथिल प्रक्रिया अब पदाधिकारियों के लिए महंगा साबित होगा. शिक्षक संघों के द्वारा की गयी शिकायत पर त्वरित कार्रवाई करते हुए डीएम एम. रामचंद्रुडु ने डीइओ बीके ओझा को फटकार लगाते हुए अपना स्थानांतरण करवा लेने […]
लंबित समस्याओं के प्रति नहीं है गंभीर शिक्षा विभागसमस्तीपुर. शिक्षक संघ के द्वारा दिये गये आवेदनों पर कार्रवाई की शिथिल प्रक्रिया अब पदाधिकारियों के लिए महंगा साबित होगा. शिक्षक संघों के द्वारा की गयी शिकायत पर त्वरित कार्रवाई करते हुए डीएम एम. रामचंद्रुडु ने डीइओ बीके ओझा को फटकार लगाते हुए अपना स्थानांतरण करवा लेने की सलाह दी. बताते चलें कि कार्य शिथिलता के कारण वर्षों से लंबित प्रवरण वेतनमान, वरीय वेतनमान व द्वितीय एसीपी के लाभ से सिर्फ कार्यरत ही नहीं, सेवानिवृत्त शिक्षक भी वंचित हैं. बिहार अराजपत्रित प्रारंभिक शिक्षक संघ के पूर्व जिला सचिव शिवचंद्र राय ने बताया कि प्राथमिक शिक्षा निदेशक के द्वारा जारी किये गये पत्र में स्पष्ट आदेश है कि शिक्षकों का देय लाभ अविलंब निर्गत किया जाये. लेकिन यह आदेश भी पदाधिकारियों की मनमानी के कारण शिक्षकों के काम नहीं आया. उन्होंने तमाम सेवानिवृत्त व कार्यरत शिक्षकों से आगामी 30 मार्च को डीपीओ स्थापना कार्यालय में अधिक से अधिक संख्या में जुट कर अपने वाजिब मांगों का समर्थन करें. इधर बिहार माध्यमिक शिक्षक संघ के राज्य कार्यसमिति सदस्य शाह जफर इमाम ने सरकार एवं शिक्षा विभाग की टालमटोल नीति पर आक्रोश व्यक्त करते हुए कहा कि नगर परिषद के माध्यमिक व उच्चतर माध्यमिक स्कूलों में तैनात नियोजित शिक्षक भुखमरी के कगार पर हैं लेकिन मानदेय भुगतान ससमय करने से संबंधित कार्ययोजना अब तक तैयार नहीं की गयी.