नेत्रदान सबसे बड़ा पुण्य : गोपाल

बोकारो: कुलदीप टॉकिज गली चास निवासी हरि अग्रवाल व अनिल अग्रवाल की माता विमला देवी का निधन बुधवार की रात हो गया. हैल्पिंग हैंड्स चास-बोकारो की पहल पर मृतका के परिजनों ने उनका नेत्रदान का निर्णय लिया. संस्थान की यह छठी अनुकरणीय पहल है. स्व विमला देवी के नेत्र बीजीएच को दान किये गये. आइ […]

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बोकारो: कुलदीप टॉकिज गली चास निवासी हरि अग्रवाल व अनिल अग्रवाल की माता विमला देवी का निधन बुधवार की रात हो गया. हैल्पिंग हैंड्स चास-बोकारो की पहल पर मृतका के परिजनों ने उनका नेत्रदान का निर्णय लिया. संस्थान की यह छठी अनुकरणीय पहल है. स्व विमला देवी के नेत्र बीजीएच को दान किये गये. आइ बैंक बीजीएच के डॉ हितेश पटेल व डॉ प्रतीक ने गुरुवार को कुलदीप टॉकिज गली, चास पहुंच कर नेत्रदान की औपचारिकता पूरी की.

भूखे को रोटी देने से बड़ा है नेत्रदान : गोपाल मुरारका : हैल्पिंग हैंड्स के संस्थापक गोपाल मुरारका ने कहा : समाज के बुद्धिजीवी लोगों को नेत्रदान के लिए जागरूक करना हैं. भूखे को रोटी खिलाना एक सामाजिक कार्य है, लेकिन इससे बड़ा धर्म नेत्रदान है. मृतकों की आंखें दान करने से दृष्टिहीनों को नयी जिंदगी मिलती है. कहा : आंखें अमूल्य हैं. इसे श्मशान में जला कर नष्ट न करें.

विमला देवी के निधन पर जताया शोक : श्री मुरारका व उनके सहयोगियों ने विमला देवी के निधन पर दुख प्रकट किया है. प्रवक्ता संजय सोनी ने कहा : अगर किसी मृतक के परिवार नेत्रदान करना चाहते हैं, तो मौत से तीन घंटे के भीतर नेत्रदान कर सकते हैं. मौके पर राजेश जायसवाल, उदय सिंह, कानु कुंडलिया, धर्मवीर सहित अग्रवाल परिवार मौजूद थे.

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