22 सीएच 4- कंस्ट्रक्शन कंपनी का लगा प्लांट. दीनबंधू चतरा. भारतमाला परियोजना के तहत बनने वाले एक्सप्रेस वे सड़क का निर्माण विवादित भूमि व वन विभाग से एनओसी नहीं मिलने के कारण शुरू नहीं हो पाया है. परियोजना के तहत जिले में 84 किमी सड़क बननी है. 500 एकड़ भूमि का अधिग्रहण कार्य किया जा रहा है. इसके तहत 157 करोड़ का भुगतान होना है. जिसमें अब तक 100 से अधिक करोड़ का भुगतान हो गया है. सड़क चतरा, हंटरगंज, सिमरिया व पत्थलगड्डा प्रखंड से गुजरेगी. सड़क का निर्माण कार्य आरकेएस कंस्ट्रक्शन प्रा लि को मिला है. कंपनी ने डेढ़ साल पूर्व सदर प्रखंड के गोडरा में प्लांट लगाया है. प्लांट में क्रशर, मिक्सर मशीन समेत अन्य मशीन बेकार पड़ी हुई है. काम शुरू नहीं होने से यहां रह रहे कर्मचारी भी निराश है. उपायुक्त रमेश घोलप विवादित भूमि के मामले के निष्पादन को लेकर लगातार निर्देश दे रहे हैं, लेकिन अब तक मामला निष्पादन नहीं हो पाया है. दूसरी ओर फोरेस्ट से क्लियरेंस नहीं मिला है. अधिकांश जमीन उत्तरी व दक्षिणी वन प्रमंडल में पड़ रहा है. रैयती जमीन से संबंधित अधिकांश मामले का निष्पादन हो गया है. डीएलओ ने कहा डीएलओ वैभव कुमार सिंह ने कहा कि रैयती जमीन से संबंधित 82 प्रतिशत मामले का निष्पादन कर लिया गया है. रैयतो का मुआवजा भुगतान कर दिया गया है. कुछ जमीन को लेकर रैयतों के बीच विवाद है, जो ले कोर्ट भेज दिया गया है. सुनवाई के बाद कोर्ट के द्वारा मुआवजा भुगतान किया जायेगा. कोर्ट को राशि उपलब्ध करा दी गयी है. डीएफओ ने कहा दक्षिणी प्रमंडल के डीएफओ मुकेश कुमार ने कहा कि जब तक परियोजना के द्वारा क्षतिपूरक पौधारोपण के लिए राशि उपलब्ध नहीं करायी गयी है. परियोजना को फोरेस्ट से ली जा रही जमीन के बदले पौधारोपण के लिए राशि उपलब्ध करानी है. राशि उपलब्ध के बाद एनओसी दी जायेगी.
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