चारपहिया वाहनों के खिलाफ चलेगा अभियान
चारपहिया वाहन में बंपर गार्ड है बैन
नियम तोड़ने वाले को दो तरह की फाइन व जेल का है प्रावधान
देवघर : केंद्र सरकार के निर्देश पर अब देवघर में भी बंपर गार्ड (बुलवार्स) लगे फोर व्हीलर की चेकिंग अभियान चलायी जायेगी. अगर किसी वाहन में बंपर गार्ड पकड़ा जाता है तो कानूनी कार्रवाई की जायेगी. इस संबंध में सीसीआर सह ट्रैफिक डीएसपी रविकांत भूषण ने यातायात प्रभारी को ऐसे वाहनों के खिलाफ चेकिंग अभियान चलाने का निर्देश दिया है. सीसीआर डीएसपी ने बताया कि सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय के निदेशक की ओर से झारखंड के परिवहन सचिव को फोर व्हीलर में बंपर गार्ड के बैन का पत्र मिला. उसी आलोक में उन्होंने इसके अनुपालन का निर्देश जारी किया है. बंपर गार्ड लगे वाहनों पर एमवीआइ की धारा 190 व 191 के तहत फाइन करने का निर्देश है.
वाहनों में लगे बंपर से आम लोगों को खतरा हो सकता है. एमवीआइ की धारा 190 के तहत 1000 रुपये की फाइन व तीन महीने तक जेल की सजा का प्रावधान है. धारा 191 के तहत बंपर गार्ड लगे वाहनों का सार्वजनिक स्थलों पर उपयोग से 500 रुपये तक की फाइन हो सकती है.
केंद्र सरकार ने लगायी है रोक: टक्कर होने पर गाड़ी की बॉडी को नुकसान न हो, इससे बचने के लिए आगे लोग फोर व्हीलर में बंपर गार्ड लगाते हैं. इसका प्रचलन इतना आम है कि ज्यादातर वाहन मालिकों को यह पता ही नहीं है कि यह गैरकानूनी है. कार सहित तमाम चारपहिया वाहनों के आगे लगाये जाने वाले बंपर गार्ड को गैरकानूनी घोषित करते हुए इस पर केंद्र सरकार ने रोक लगा दी है. केंद्रीय सड़क, परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय ने सभी राज्यों को भेजे अपने आदेश में कहा है कि ऐसे बंपर गार्ड का उपयोग मोटर वाहन कानून, 1988 की धारा 52 का उल्लंघन है. केंद्र ने राज्यों से इसे लगाने वालों पर कड़ी कार्रवाई करने को कहा है.
