जालसाजी मामले में नारायण दास की गिरफ्तारी पर 28 तक रोक
– आंदोलनकारियों की सूची में दस्तावेज की कूट रचना का है आरोप- अवर सचिव सह आयोग के आदेश पर दर्ज हुआ है एफआइआरविधि संवाददाता, देवघरझारखंड वनांचल आंदोलनकारियों की सूची में दस्तावेज की कूट रचना कर जालसाजी मामले में नारायण दास को तत्काल राहत मिल गयी है. इनकी गिरफ्तारी पर 28 नवंबर 2014 तक रोक लगा […]
– आंदोलनकारियों की सूची में दस्तावेज की कूट रचना का है आरोप- अवर सचिव सह आयोग के आदेश पर दर्ज हुआ है एफआइआरविधि संवाददाता, देवघरझारखंड वनांचल आंदोलनकारियों की सूची में दस्तावेज की कूट रचना कर जालसाजी मामले में नारायण दास को तत्काल राहत मिल गयी है. इनकी गिरफ्तारी पर 28 नवंबर 2014 तक रोक लगा दी गयी है. साथ की जसीडीह थाना से केस डायरी की मांग की गयी है. यह आदेश आरोपित नारायण दास की ओर से प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश पंकज श्रीवास्तव की ओर से दाखिल अग्रिम जमानत आवेदन संख्या 655/14 की सुनवाई के बाद दी गयी. इन्हें जसीडीह थाना कांड संख्या 236/14 का आरोपित बनाया गया है और भादवि की धारा 420, 468,471 लगायी गयी है. इस मामले की अगली सुनवाई 28 नवंबर को निर्धारित की गयी है.क्या है मामलाजसीडीह थाना के राधेमोहडार (कोयरीडीह) गांव निवासी नारायण दास के विरुद्ध जालसाजी करने का आरोप लगाते हुए एफआइआर 26 सितंबर 2014 को दर्ज हुआ है. यह मुकदमा अवर सचिव गृह विभाग झारखंड सरकार सह झारखंड वनांचल आंदोलन कमेटी गठन आयोग के शिवनाथ श्रीवास्तव के आदेश पर हुआ है. दर्ज प्राथमिकी के अनुसार आंदोलनकारियों की सूची में पिता के नाम को लेकर आयोग ने कूट रचना की आशंका जांच के दौरान पायी और केस दर्ज करने का आदेश दिया.
