इंटर के लिए छात्र-छात्राएं जा रहे बाहर

मधुपुर: श्यामा प्रसाद मुखर्जी उच्च विद्यालय परिसर में 10 लाख की लागत से प्लस टू विद्यालय भवन बनाया गया. भवन निर्माण का शिलान्यास पूर्व मंत्री सह स्थानीय विधायक हाजी हुसैन अंसारी ने 19 जुलाई 2002 को किया था. भवन नौ वर्ष पूर्व बन कर तैयार भी हो गयी. विद्यालय भवन में आठ कमरे व कुरसी- […]

By Prabhat Khabar Digital Desk |

मधुपुर: श्यामा प्रसाद मुखर्जी उच्च विद्यालय परिसर में 10 लाख की लागत से प्लस टू विद्यालय भवन बनाया गया. भवन निर्माण का शिलान्यास पूर्व मंत्री सह स्थानीय विधायक हाजी हुसैन अंसारी ने 19 जुलाई 2002 को किया था. भवन नौ वर्ष पूर्व बन कर तैयार भी हो गयी. विद्यालय भवन में आठ कमरे व कुरसी- टेबुल भी व्यवस्थित कर रखे गये हैं. लेकिन भवन का दरवाजा प्लस टू के छात्र-छात्रओं के लिए कभी नहीं खुला.

अब तक श्यामा प्रसाद मुखर्जी उच्च विद्यालय को प्लस टू का दर्जा जो नहीं मिला. हालांकि भवन का उपयोग चुनाव के समय पुलिस बल ठहराव के लिए होती या फिर विशेष परीक्षा के लिए केंद्र बनाये जाते हैं.

प्लस टू का एक ही विद्यालय

अंची देवी बालिका सर्राफ प्लस टू विद्यालय ही एकमात्र प्लस टू विद्यालय है. जहां सिर्फ छात्रओं का पठन-पाठन होता है. वहीं मधुपुर महाविद्यालय में प्लस टू में नामांकन के लिए छात्र-छात्रओं का जद्दोजहद करनी पड़ती है.

नहीं उपलब्ध होता सीट

इंटरमीडिएट में नामांकन के लिए समुचित सीट महाविद्यालय में नहीं होने के कारण छात्र-छात्रओं को देवघर, जामताड़ा, गिरिडीह, धनबाद, बोकारो तक जाना पड़ता है. ऐसे में छात्र-छात्राओं व अभिभावकों को काफी परेशानी होती है. प्लस टू का दर्जा देने की मांग अब जोर पकड़ने लगी है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

👤 By Prabhat Khabar Digital Desk

Prabhat Khabar Digital Desk

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >