सड़क दुर्घटना में घायल विनय यादव की भी मौत, मुआवजे की मांग , परिजनों के जाम से लोग हलकान

मोहनपुर: देवघर-गोड्डा मुख्य पथ स्थित सिकटिया गांव के पास मंगलवार को बस व बाइक की टक्कर में घायल आगेय गांव निवासी विनय यादव 28 भी मंगलवार को मौत हो गयी. मृतक के पिता सुरेश यादव ने बताया कि विनय को सदर अस्पताल में रेफर करने के बाद बेहतर इलाज के लिए पटना ले जा रहे […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | April 6, 2017 8:38 AM
मोहनपुर: देवघर-गोड्डा मुख्य पथ स्थित सिकटिया गांव के पास मंगलवार को बस व बाइक की टक्कर में घायल आगेय गांव निवासी विनय यादव 28 भी मंगलवार को मौत हो गयी. मृतक के पिता सुरेश यादव ने बताया कि विनय को सदर अस्पताल में रेफर करने के बाद बेहतर इलाज के लिए पटना ले जा रहे थे.

लेकिन रास्ते में ही उसने दम तोड़ दिया. घटना के बाद आक्रोशित परिजनों ने बुधवार को मुआवजे की मांग के लिये चौपा मोड़ के पास सड़क जाम कर दिया. जाम की सूचना मिलते ही मोहनपुर थाना प्रभारी दीपक कुमार दलबल के साथ चौपा मोड़ पहुंचे व ग्रामीणों को काफी समझाने की कोशिश की.

फिर भी ग्रामीण मुआवजे की मांग पर अड़े रहे. रामनवमी के कारण बासुकिनाथ पूजा करने व देवघर आने वाले वाले श्रद्धालुओं के वाहन जाम में फंस गये. जाम की वजह से करीब दस किलोमीटर तक वाहनेां की कतार लग गयी थी. मौके पर पहुंचे बीस सूत्री सदस्य किरण मोदी, रंजीत यादव आदि ने ग्रामीणों को समझा बुझा कर जाम को हटाया. प्रशासन की ओर से मृतक की पत्नी कविता देवी को दस हजार रुपये का चेक थाना प्रभारी दीपक कुमार द्वारा दिया गया. साथ ही विधवा पेंशन, प्रधानमंत्री आवास व राशन कार्ड उपलब्ध कराने का भरोसा दिया गया. मौके पर सदर इंस्पेक्टर राजेश कुमार, बीस सूत्री सदस्य किरण मोदी, रंजीत यादव, देवनारायण दास, गंगाधर रजक, पंचायत के उप मुखिया श्रीकांत यादव, दिलीप मिर्धा आदि उपस्थित थे.
हादसे में दो लोगों की मौत से पूजा के माहौल में छाया मातम
सड़क दुर्घटना में दो लोगों की मौत के बाद दाेनों मृतक के परिवार वालाें पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा. दुमका जिला के रामगढ़ थाना क्षेत्र के हेठबंधा निवासी मृतक गौतम कुमार के परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल है. घर से एक तरफ बेटे की अरथी निकली तो दूसरी तरफ दामाद की. घटना के बाद घर में मातम पसरा हुआ है. आगेय गांव में चैती दुर्गा पूजा के कारण उत्सव का माहौल था. बुधवार को गांव में धूमधाम से मां की पूजा की जाती. पूजा के अवसर पर रंगारंग कार्यक्रम का आयोजन भी किया गया था. विनय की मौत के बाद गांव में लोग शोकाकुल हैं. विनय अपने बेटे व साला को लेकर घर आ रहा था तभी हादसा हुआ. विनय घर इकलौता कमाऊ सदस्य था. पत्नी कविता देवी, दो बेटे करण व अर्जुन व मां बाप के अलावा एक भाई बहन का रो-रो कर बुरा हाल है.