50 हजार से अधिक भक्तों ने किया जलार्पण
देवघर : गंगा दशहरा के अवसर पर गंगा स्नान के उपरांत बाबा मंदिर में जलार्पण करने के लिए सुबह में भारी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे. अधिक भीड़ होने की वजह से कतार फुट ओवरब्रिज के प्रवेश द्वार के पार पहुंच गयी. भीड़ को देखते हुए सुलभ जलार्पण की व्यवस्था को लागू करते हुए भक्तों को संस्कार मंडप से कतारबद्ध तरीके से गर्भ गृह के अंदर तक प्रवेश कराने की व्यवस्था को जारी रखा गया. बाबा का पट बंद तक 50 हजार से अधिक लोगों ने जलार्पण कर मंगलकामना की.
भक्तों ने कराये उपनयन व मुंडन संस्कार : शुभ तिथि होने की वजह से रविवार को बाबा मंदिर में सैकड़ों लोगों ने अपने बच्चों का उपनयन व मुंडन संस्कार सहित कई धार्मिक अनुष्ठान कराये. जगह कम होने की वजह से लोगों को कड़ी धूप में भी उपनयन व मुंडन संस्कार संपन्न कराते देखा गया.
क्या है मान्यता : मान्यता है कि राज भगीरथ की तपस्या से खुश होकर गंगा दशहरा के दिन ही मां गंगा स्वर्ग से पृथ्वी पर आकर भागीरथ के पीछे-पीछे चलते हुए गोमुख से गंगा सागर तक जाकर भगीरथ के पूर्वजों का उद्धार किया था. इस दिन मां गंगा का स्नान कर भोलेनाथ पर जलार्पण करने से मोक्ष व मनोवांछित फल की कामना फलीभूत होती है.
