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बुधुडीह-2// पहाडि़या समुदाय के नि:शक्त पेंशन पाने से वंचित

प्रतिनिधि, रानीश्वररानीश्वर प्रखंड के बृंदावनी पंचायत के बुधुडीह गांव के आदिम जनजाति पहाडि़या समुदाय के नि:शक्त पेंशन पाने से वंचित है़ 15 वर्षीय रविलाल गृही मानसिक व शारीरिक रूप से नि:शक्त है़ रविलाल का दोनों पैर कमजोर है़ वह चल नहीं पाता है़ रविलाल को कहीं ले जाने के लिए मां लीलावती पुजहर व पिता […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | May 6, 2015 8:05 PM

प्रतिनिधि, रानीश्वररानीश्वर प्रखंड के बृंदावनी पंचायत के बुधुडीह गांव के आदिम जनजाति पहाडि़या समुदाय के नि:शक्त पेंशन पाने से वंचित है़ 15 वर्षीय रविलाल गृही मानसिक व शारीरिक रूप से नि:शक्त है़ रविलाल का दोनों पैर कमजोर है़ वह चल नहीं पाता है़ रविलाल को कहीं ले जाने के लिए मां लीलावती पुजहर व पिता दुलाल पुजहर को उसे गोद में उठा कर ले जाना पड़ता है़ रविलाल के पेंशन के लिए उनके पिता ने कई बार कोशिश की, पर वह कहता है कि पैरवीकार नहीं रहने से पेंशन स्वीकृत नहीं हुई है़ बुधुडीह गांव पहाड़ के उपर स्थित है़ वहां से प्रखंड व जिला मुख्यालय पहुंचने के लिए लोगों को काफी परेशानी झेलनी पड़ती है़ इसी पंचायत के सुंदरडीह गांव के तीस वर्षीय लखन हेम्ब्रम भी नि:शक्त है़ नि:शक्तता प्रमाण पत्र भी है़, पर पेंशन नहीं मिलता़ लखन ने बताया कि पेंशन के लिए दो बार उसने आवेदन किया था पर स्वीकृत नहीं हुआ. अब तो वह उम्मीद भी छोड़ चुका है.——————————फोटो 6 डीएमके/रानीष्वररविलाल को गोद में लिए मां लीलावती व नि:शक्त लखन हेम्ब्रम

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