बच्चों की मौत का कारण कुपोषण
दुमका : दुमका जिले में 622 बच्चे गंभीर रूप से कुपोषित हैं. 776 ऐसे बच्चों की पहचान अप्रैल 2013 में जिले के आंगनबाड़ी केंद्रों द्वारा जांच के आधार पर की गयी थी. अप्रैल से सितंबर तक केवल 154 गंभीर कुपोषित बच्चों का ही उपचार हो पाया है.
शेष 622 बच्चे इसलिए उपचार केंद्र नहीं लाये जा सके हैं, क्योंकि दुमका जिले में फिलवक्त दो ही कुपोषण उपचार केंद्र संचालित है. एक सदर अस्पताल परिसर के डायग्नोसिस सेंटर में और दूसरा जरमुंडी में. इन दोनों ही केंद्रों की क्षमता 15-15 की है. लिहाजा ऐसे बच्चों की पहचान के बावजूद उपचार की गति धीमी है.