12.1 C
Ranchi

लेटेस्ट वीडियो

बीडीएसएल चैरिट्री ट्रस्ट महिला महाविद्यालय का मामला

घाटशिला : घाटशिला के बलदेवदास संतलाल चैरिटी ट्रस्ट महिला कॉलेज से चैरिटी ट्रस्ट शब्द हटाने के खिलाफ ट्रस्ट के अध्यक्ष शिव रतन अग्रवाल ने कोल्हान विश्वविद्यालय के कुल सचिव को पत्र लिखा है. इसमें आरोप है कि ट्रस्ट के सदस्य श्यामसुंदर अग्रवाल के इस्तीफा पत्र को आधार बनाकर संस्था के नाम में परिवर्तन किया गया. […]

घाटशिला : घाटशिला के बलदेवदास संतलाल चैरिटी ट्रस्ट महिला कॉलेज से चैरिटी ट्रस्ट शब्द हटाने के खिलाफ ट्रस्ट के अध्यक्ष शिव रतन अग्रवाल ने कोल्हान विश्वविद्यालय के कुल सचिव को पत्र लिखा है. इसमें आरोप है कि ट्रस्ट के सदस्य श्यामसुंदर अग्रवाल के इस्तीफा पत्र को आधार बनाकर संस्था के नाम में परिवर्तन किया गया. श्री अग्रवाल ने 7 जनवरी 1985 को पद से त्याग दिया. नाम बदलने की सहमति बीडीएसएल ट्रस्ट नहीं दी थी. महिला कॉलेज ने नाम बदलने की सूचना ट्रस्ट को नहीं दी.

आवेदन में कहा गया कि नाम से चैरिटी ट्रस्ट शब्द को हटाना अवैध, अनुचित, अनैतिक और स्वार्थपूर्ण कदम था. आज भी बीडीएसएल एक कार्यरत संस्था है. ट्रस्टियों ने महिला महाविद्यालय का नाम बलदेवदास संतलाल चैरिटी ट्रस्ट महिला महाविद्यालय घाटशिला करने, यही नाम स्व संतलाल ने स्वीकृत की थी. इसके लिए वे और उनका ट्रस्ट आजीवन समर्पित रहा. भूमि, भवन, उपस्कर समेत खर्च ट्रस्ट ने उपलब्ध कराया है. महिला महाविद्यालय बीडीएसएल चैरिटी ट्रस्ट एक प्रकल्प है. इसने महाविद्यालय के प्रति दायित्व को कभी अस्वीकार नहीं किया. आज भी अपनी भूमिका निभाने के लिए प्रतिबद्ध है.
संतलाल ने करायी थी चल- अचल संपत्ति
आवेदन में कहा गया कि घाटशिला महिला महाविद्यालय की स्थापना बलदेवदास संतलाल चैरिटी ट्रस्ट ने की थी. स्वर्गीय संतलाल अग्रवाल की मृत्यु के बाद ट्रस्ट के माध्यम से संस्था का संगठन किया. इसकी चल और अचल संपत्ति मुहैया करायी गयी. स्व अग्रवाल की मृत्यु के बाद निहित स्वार्थी तत्वों ने संस्था को अपने अधिकार में कर लिया. संस्था के संस्थापक ट्रस्टियों को दर किनार कर दिया. ट्रस्ट के अध्यक्ष शिव रतन अग्रवाल ने आवेदन की प्रतिलिपि राज्यपाल सह कुलाधिपति और कुलपति को प्रेषित की है.
इसी आवेदन के बाद राज्यपाल ने कोल्हान विश्वविद्यालय की टीम गठित कर संस्था की जांच करने का आदेश दिया. जांच टीम के सचिव सह केयू के कुलानुशासक डॉ एके झा, प्रति कुलपति डॉ रंजीत कुमार सिंह और सीसीडीसी डॉ जेपी मिश्रा ने मामले की जांच की. ट्रस्ट व संस्था के प्रबंधन समिति को एक सप्ताह के अंदर दस्तावेज प्रस्तुत करने का आदेश दिया है.
Prabhat Khabar Digital Desk
Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

संबंधित ख़बरें

Trending News

जरूर पढ़ें

वायरल खबरें

ऐप पर पढें
होम आप का शहर
News Snap News Reel