राज्य को आग के हवाले किया गया: फागू
चरही. झारखंड मुक्ति मोरचा के केंद्रीय महासचिव फागू बेसरा ने सीएनटी व एसपीटी एक्ट में झारखंड सरकार द्वारा संशोधन बिल पारित होने के बाद प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा है कि झारखंड के इतिहास में 23 नवंबर 2016 बुधवार का दिन काले अध्याय के रूप में जाना जायेगा. रघुवर सरकार ने लोकतंत्र की हत्या कर […]
चरही. झारखंड मुक्ति मोरचा के केंद्रीय महासचिव फागू बेसरा ने सीएनटी व एसपीटी एक्ट में झारखंड सरकार द्वारा संशोधन बिल पारित होने के बाद प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा है कि झारखंड के इतिहास में 23 नवंबर 2016 बुधवार का दिन काले अध्याय के रूप में जाना जायेगा.
रघुवर सरकार ने लोकतंत्र की हत्या कर झारखंड विधानसभा से सीएनटी एक्ट व एसपीटी एक्ट में संशोधन बिल पारित कर हटधर्मिता का परिचय दिया है. मुख्यमंत्री का यह कथन की हमें जनादेश जनता ने विकास के लिए दिया है, हर बात के लिए जनता से पूछना जरूरी नही है. यह जनादेश व लोकतंत्र का अपमान है. लोकतंत्र में किसी भी सरकार को कोई भी नियम-कानून या कोई संवेदनशील कानून जिससे जनता प्रभावित होता हो. राज्य की जनता को विश्वास में लेना सरकार का दायित्व है.
झारखंड बंद को सफल बनायें: जयप्रकाश भाई पटेल
पूर्व मंत्री सह मांडू विधायक जयप्रकाश भाई पटेल ने झारखंड बंद को सफल बनाने का अाह्वान जनता से किया है. बंद को शांतिपूर्ण तरीके से सफल बनाने की अपील की गयी है. कहा कि सरकार आदिवासी-मूलवासियों की पहचान से खिलवाड़ कर रही है. जब तक संशोधन विधेयक सरकार वापस नहीं लेती है, तब तक विपक्षी दलों का आंदोलन जारी रहेगा.
झामुमो ने सीएनटी एक्ट में संशोधन का किया विरोध
बरकट्ठा. झामुमो ने राज्य सरकार के सीएनटी एवं एसपीटी एक्ट में संशोधन किये जाने का विरोध किया है़ इस बाबत प्रखंड अध्यक्ष बासुदेव प्रसाद एवं सचिव कुद्दूस अंसारी ने ज्ञापन राज्यपाल को भेजा है.
इसमें सरकार द्वारा सीएनटी एवं एसपीटी एक्ट में संशोधन और गैर मजरुआ भूमि की जमाबंदी को रद्द करने की मांग की है. कहा है कि राज्य सरकार द्वारा लिए गये निर्णय से झारखंड के मूलवासियों का हित नहीं होगा़ राज्यपाल को भेजे गये ज्ञापन में मुखिया बड़की देवी, राधा देवी, मेहिलाल मांझी, मनोहर महतो, हरिहर कुमार समेत कई लोगों के हस्ताक्षर है़ं
