घेरा डालो, डेरा डालो की बनी रणनीति

जमशेदपुर : केंद्र सरकार द्वारा श्रम कानूनों में मजदूर विरोधी संशोधनों के खिलाफ संसद भवन के समीप 9 से 11 नवंबर तक तीन दिवसीय ‘घेरा डालो, डेरा डालो’ आंदोलन में महती भागादारी निभायी जायेगी. यह निर्णय टिनप्लेट वर्कर्स यूनियन सभागार में देश के 11 केंद्रीय श्रम संगठनों की बैठक में लिया गया. बैठक की अध्यक्षता […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | August 21, 2017 3:42 AM
जमशेदपुर : केंद्र सरकार द्वारा श्रम कानूनों में मजदूर विरोधी संशोधनों के खिलाफ संसद भवन के समीप 9 से 11 नवंबर तक तीन दिवसीय ‘घेरा डालो, डेरा डालो’ आंदोलन में महती भागादारी निभायी जायेगी. यह निर्णय टिनप्लेट वर्कर्स यूनियन सभागार में देश के 11 केंद्रीय श्रम संगठनों की बैठक में लिया गया. बैठक की अध्यक्षता इंटक नेता राकेश्वर पांडेय ने की.

निर्णय लिया गया कि अभियान को व्यापक बनाने के लिए केंद्रीय श्रम संगठनों के द्वारा राज्य, जिला मुख्यालय, चौक-चौराहे, जुलूस, पोस्टर के द्वारा प्रचार-प्रसार किया जायेगा. राकेश्वर पांडेय ने ठेका श्रमिकों और मजदूरों के लिये बनाये गये अधिकारों की रक्षा, उनकी ज्वलंत समस्याओं का निदान, सम्मानजनक वेतन सुनिश्चित करने, ठेकाकारण पर रोक, स्थायी करने जैसे कई बातों पर गंभीर चिंतन करने की बात कहीं.

बैठक में इंटक, एंटक, एचएमएस, सीटू, टीयू, सीसी, एआइसीसीटीयू, एलपीएफ, यूटीआइ, जैसे श्रम संगठनों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया. बैठक को एआइटीयूसी से शशि कुमार, एआइसीसीटीयू से ओम प्रकाश सिंह, सीआइटीयू के केके त्रिपाठी, एआइटीयूसी से अंबुज ठाकुर, इंटक के विजय खान, संजीव श्रीवास्तव, डीके सिंह, परविंदर सिंह, शैलेश पांडेय, जुगनू वर्मा, एआइटीयूसी के एसके घोषाल आदि ने संबोधित किया. इस मौके पर गुरदीप सिंह, काशीनाथ, सतनाम सिंह, सत्येंद्र सिन्हा, तारकेश्वर पासवान मौजूद थे.