बहू के हत्यारे पति व सास को सात साल की सजा बिरसानगर

आरोपी मां-बेटे के विरोधाभाषी बयान ने पहुंचाया सलाखों के पीछे... जमशेदपुर : जिला जज दस अनुज कुमार की अदालत ने दहेज हत्या के मामले में मृतक सुनीता मुखी के पति राजू मुखी और सास बसंती मुखी को सात साल की सजा सुनायी है. सजा के अलावा पांच हजार रुपये जुर्माना तथा प्रताड़ना (धारा 498) में […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | July 7, 2018 5:01 AM

आरोपी मां-बेटे के विरोधाभाषी बयान ने पहुंचाया सलाखों के पीछे

जमशेदपुर : जिला जज दस अनुज कुमार की अदालत ने दहेज हत्या के मामले में मृतक सुनीता मुखी के पति राजू मुखी और सास बसंती मुखी को सात साल की सजा सुनायी है. सजा के अलावा पांच हजार रुपये जुर्माना तथा प्रताड़ना (धारा 498) में तीन साल की सजा और दस हजार जुर्माने की अतिरिक्त सजा सुनायी है. दोनों सजा साथ-साथ चलेगी. बिरसानगर थाना में सुनीता की मां सुलोचना मुखी के बयान पर राजू मुखी, बसंती मुखी, कुंती मुखी और मुन्ना मुखी के खिलाफ 21 जुलाई 2010 को मामला दर्ज कराया गया था. अदालत में राजू मुखी और बसंती के खिलाफ चार्ज गठित हुआ. बचाव पक्ष ने सात लोगों की गवाही करायी.
हालांकि सुनवाई के दाैरान अदालत में अारोपी राजू और बसंती कोर्ट में दिये अपने विरोधाभाषी बयान में फंस गये. अभियोजन पक्ष की तरफ से कुल नौ लोगों की गवाही हुई थी. सुनीता की शादी वर्ष 2009 में राजू के साथ हुई थी. शादी के छह माह बाद बाइक की मांग पर सुनीता को प्रताड़ित किया जाने लगा. सुनीता मायके चली आयी. 20 जुलाई 2010 को सुनीता के परिवार वाले बाजार गये थे. इस बीच पति मायके से सुनीता को लेकर अपने घर चला गया. 21 जुलाई को राजू ने सुनीता के मायके वालों को फोन पर उसकी मौत की खबर दी. इसके बाद बिरसानगर थाना में प्रताड़ना और हत्या का मामला दर्ज कराया गया.