हेल्थ बुलेटिन – डॉ. पंकज सिंगोदिया

डॉ. पंकज सिंगोदिया, प्लास्टिक एंड कॉस्मेटिक सर्जन बालों के झड़ने का इलाज संभव देखा जाये तो बाल झड़ने के कई कारण हैं. उनमें से ही एक एंड्रोेजेनिक हॉर्मोन इंफ्यूएंस भी है, जो ज्यादातर पुरुषों में देखा जाता है. इसके अलावा टेंशन, प्रदूषण, अनुवांशिक वजहों से भी लोग गंजेपन का शिकार होते हैं. बालों का झड़ना, […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | November 5, 2014 11:02 PM

डॉ. पंकज सिंगोदिया, प्लास्टिक एंड कॉस्मेटिक सर्जन बालों के झड़ने का इलाज संभव देखा जाये तो बाल झड़ने के कई कारण हैं. उनमें से ही एक एंड्रोेजेनिक हॉर्मोन इंफ्यूएंस भी है, जो ज्यादातर पुरुषों में देखा जाता है. इसके अलावा टेंशन, प्रदूषण, अनुवांशिक वजहों से भी लोग गंजेपन का शिकार होते हैं. बालों का झड़ना, बालों का घनापन कम होना आदि इसके लक्षण हो सकते हैं. आज के समय में ट्रीटमेंट द्वारा इसका इलाज संभव है. इससे बचाव के लिए कोशिश करनी चाहिए कि टेंशन और प्रदूषण से दूर रहें. इस बीमारी का इलाज दो तरह से किया जाता है. पहला, मेडिकल तरीके से और दूसरा सर्जिकल तरीके से. मेडिकल तरीके में मरीज को बालों में लगाने के लिए लोशन दिये जाने के साथ-साथ खाने के लिए टेबलेट भी दिये जाते हैं. यदि फिर भी बालों का झड़ना कम नहीं होता है तो सर्जरी यानी हेयर ट्रंासप्लांट कर बालों को उगाया जाता है. इसमें मरीज के कानों के ऊपर व सिर के पीछे के हिस्से से बालों को निकाल कर उस स्थान पर लगा दिया जाता हैं जहां गंजापन है. बीमारी- गंजापनलक्षण- बाल झड़ना, बालों का घनापन कम होना. उपाय- टेंशन और प्रदूषण से दूर रहें, डॉक्टर की सलाह लें.