अतिक्रमण से नाले के अस्तित्व पर खतरा फोटो मनमोहन 11 से 14

नाला की लंबाई : 3 कि.मी.नाला की चौड़ाई : 2 से 15 फीट नाला की गहराई : 2 से 12 फीट संवाददाता, जमशेदपुर एग्रिको स्थित भुइयांडीह बड़ा नाला पर अतिक्रमण के कारण बारिश में नाला का पानी सड़कों व आसपास के घरों में प्रवेश कर जाता है. भुइयांडीह लकड़ी टाल से निकलने वाले 3 किलोमीटर […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | June 18, 2015 8:05 PM

नाला की लंबाई : 3 कि.मी.नाला की चौड़ाई : 2 से 15 फीट नाला की गहराई : 2 से 12 फीट संवाददाता, जमशेदपुर एग्रिको स्थित भुइयांडीह बड़ा नाला पर अतिक्रमण के कारण बारिश में नाला का पानी सड़कों व आसपास के घरों में प्रवेश कर जाता है. भुइयांडीह लकड़ी टाल से निकलने वाले 3 किलोमीटर लंबा नाला बाउरी बस्ती, श्यामनगर, भुइयांडीह होकर स्वर्णरेखा नदी में मिलता है. नाला पर अतिक्रमण होने से कहीं – कहीं नाला की चौड़ाई 2 फीट तक सिमट गयी है. बारिश में स्वर्णरेखा नदी का पानी उल्टा उसी रास्ते से बस्तियों में प्रवेश कर घरों में घुस जाता है. बारिश में सड़कों पर बहता है नाला का पानी बारिश में नाला का पानी सड़कों पर बहता है. नाले का पता नहीं चलता है. स्थानीय लोगों ने बताया कि नाले की नियमित सफाई नहीं होती है. नाले में लोग फेंकते है कचरा नाले में कई जगहों पर लोग घरों का कचरा फेंकते हैं. नाले में कचरा का अंबार लगा हुआ है. कहीं- कहीं नाला कचरे से पूरी तरह से जाम हो गया है. वर्जन – – नाला का पानी बारिश के दिनों में घरों में प्रवेश कर जाता है. इससे काफी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है. – संजीव कुमार चौधरी – नाले की नियमित सफाई नहीं होती है. बारिश में नाला का पानी घरों में घुस जाता है. नियमित सफाई होनी चाहिए. – मुन्ना – नाला जाम होने से बारिश में पानी बस्तियों में घुस जाता है. नाले की नियमित सफाई नहीं होने से ऐसा होता है. – अरविंद शर्मा