बष्टिुपुर बाजार से अतक्रिमण हटाने पर रोक

बिष्टुपुर बाजार से अतिक्रमण हटाने पर रोक-झारखंड हाइकोर्ट ने अस्थायी तौर पर लगायी रोक-हाइकोर्ट में दो अलग-अलग याचिका दायर की गयी-जमशेदपुर अक्षेस को जवाब दाखिल करने का आदेश-चार सप्ताह बाद इस केस की सुनवाई होगीफोटो है बिष्टुपुर बाजार 1, 2वरीय संवाददाता, जमशेदपुर झारखंड हाइकोर्ट ने बिष्टुपुर बाजार से अतिक्रमण हटाने पर तत्काल प्रभाव से रोक […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | October 10, 2015 11:08 PM

बिष्टुपुर बाजार से अतिक्रमण हटाने पर रोक-झारखंड हाइकोर्ट ने अस्थायी तौर पर लगायी रोक-हाइकोर्ट में दो अलग-अलग याचिका दायर की गयी-जमशेदपुर अक्षेस को जवाब दाखिल करने का आदेश-चार सप्ताह बाद इस केस की सुनवाई होगीफोटो है बिष्टुपुर बाजार 1, 2वरीय संवाददाता, जमशेदपुर झारखंड हाइकोर्ट ने बिष्टुपुर बाजार से अतिक्रमण हटाने पर तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी है. यह अस्थायी रोक है. बिष्टुपुर बाजार के दुकानदारों द्वारा दायर याचिका पर सुनवाई करते हुए जस्टिस चंद्रशेखर की अदालत ने इस पर रोक लगायी है. इस बीच सुनवाई की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गयी है. दुकानदारों की ओर से राधेश्याम के पुत्र रवि सोनकर ने एक याचिका दायर की थी, जिसमें झारखंड सरकार को पार्टी बनाया गया है. केस संख्या डब्ल्यूपीसी नंबर 4381/2015 की सुनवाई के दौरान हाइकोर्ट में दुकानदारों की ओर से अधिवक्ता आनंद सेन ने अपनी दलील रखी जबकि सरकार की ओर से अमित कुमार वर्मा और अमरेंद्र कुमार ने अपना पक्ष रखा. इसको लेकर एक अन्य याचिका डब्ल्यूपीसी 4562/2015 भी दायर की गयी है. इसमें शिकायतकर्ता उमाशंकर दे (दुकानदार) हैं. इस केस में एसडीओ, डिप्टी कलेक्टर लैंड रिफॉर्म व जमशेदपुर अक्षेस को जवाब दाखिल करने को कहा गया है. इसके लिए दो सप्ताह का समय दिया गया है. वहीं, चार सप्ताह बाद इस केस की सुनवाई करने की बात कही गयी है. जब तक जवाब दाखिल होता है और हाइकोर्ट किसी तरह की सुनवाई पूरी नहीं कर लेता है तब तक के लिए स्टेटस को (रोक या यथास्थिति बनाये रखने) बरकरार रखने को कहा गया है. गौरतलब है कि साकची की तरह ही बिष्टुपुर से भी अतिक्रमण हटाने की योजना थी. इस योजना के खिलाफ दुकानदारों द्वारा कांग्रेसी नेता एसआरए रिजवी छब्बन के नेतृत्व में आंदोलन चलाया जा रहा था. इसके बाद इन लोगों द्वारा दो अलग-अलग याचिका दायर की गयी है, जिसको एक साथ समाहित कर सुनवाई शुरू की गयी है.