पर्यावरण रक्षा ही गोवर्धन लीला का संदेश, उमा 32, 33
पर्यावरण रक्षा ही गोवर्धन लीला का संदेश, उमा 32, 33 फ्लैग ::: टेल्को श्रीकृष्ण मंदिर में भागवत कथा का छठा दिनजमशेदपुर. टेल्को के भुवनगिरि कॉम्प्लेक्स स्थित श्रीकृष्ण मंदिर परिसर में चल रहे श्रीमद्भागवत कथा सप्ताह ज्ञान यज्ञ के छठे दिन, शुक्रवार को प्रवचनकर्ता राधा मां ने भगवान विष्णु के श्रीराम एवं श्रीकृष्ण रूपों में अवतार […]
पर्यावरण रक्षा ही गोवर्धन लीला का संदेश, उमा 32, 33 फ्लैग ::: टेल्को श्रीकृष्ण मंदिर में भागवत कथा का छठा दिनजमशेदपुर. टेल्को के भुवनगिरि कॉम्प्लेक्स स्थित श्रीकृष्ण मंदिर परिसर में चल रहे श्रीमद्भागवत कथा सप्ताह ज्ञान यज्ञ के छठे दिन, शुक्रवार को प्रवचनकर्ता राधा मां ने भगवान विष्णु के श्रीराम एवं श्रीकृष्ण रूपों में अवतार की कथा सुनायी. उन्होंने कहा कि ये दोनों ऐसे अवतार हैं, जिनसे हमारा जीवन ज्ञान एवं गुणों से पूरित हुआ है. श्रीराम 12 कलाओं से पूरित थे तो श्रीकृष्ण 16 कलाओं से परिपूर्ण. इसीलिए भगवान श्रीकृष्ण को पूर्ण पुरुषोत्तम कहा जाता है. श्रीकृष्ण की हर लीला में कुछ रहस्य छिपे हैं. श्रीकृष्ण की गोवर्धन लीला की चर्चा करते हुए उन्होंने कहा कि पर्यावरण रक्षा ही इसका संदेश है. पेड़-पौधे, वृक्ष-लताएं सभी गोवर्धन का प्रतिनिधित्व करती हैं, इनकी रक्षा ही पूजा है. कल की कथा में रुक्मिणी विवाह की कथा होगी. मौके पर एस जनार्दन, जय कृष्णन, पी बालकृष्णन, प्रदीप, एम मोहन, आनंद आदि मौजूद रहे.
