मानवता को जीवन देने आये हजरत मोहम्मद (मनमोहन -30,31)
मानवता काे जीवन देने आये हजरत मोहम्मद (मनमाेहन -30,31)-पाथ अॉफ पीस के बैनर तले विचारगाेष्ठी उपमुख्य संवाददाता, जमशेदपुर पाथ अॉफ पीस के बैनर तले शनिवार काे साकची धालभूम क्लब में आयाेजित विचार गाेष्ठी में वक्ताआें ने पैगंबर माेहम्मद (सअ.) को अमन और र्इमान का दूत करार दिया. गोष्ठी काे संबाेधित करते हुए पटना इमारत ए […]
मानवता काे जीवन देने आये हजरत मोहम्मद (मनमाेहन -30,31)-पाथ अॉफ पीस के बैनर तले विचारगाेष्ठी उपमुख्य संवाददाता, जमशेदपुर पाथ अॉफ पीस के बैनर तले शनिवार काे साकची धालभूम क्लब में आयाेजित विचार गाेष्ठी में वक्ताआें ने पैगंबर माेहम्मद (सअ.) को अमन और र्इमान का दूत करार दिया. गोष्ठी काे संबाेधित करते हुए पटना इमारत ए शरिया के सहायक सचिव मौलाना सोहराब नदवी ने कहा कि हजरत मोहम्मद (चइनी) की शिक्षा और मार्ग–दर्शन 1400 साल बाद भी उतना ही प्रासांगिक है. सेवानिवृत्त सरकारी अधिकारी एचएन राम ने कहा कि फ्रांस की क्रांति के 1100 वर्ष पूर्व समानता, स्वतंत्रता तथा भाईचारे का संदेश देने वाले मोहम्मद साहब का जीवन उपलब्धियों से भरा पड़ा है. करीम ट्रस्ट के प्रमुख अशफाक करीम ने कहा कि हजरत मोहम्मद (चइनी) बालिकाओं, महिलाओं, यतीमों, गरीबोें, मजदूरों, गुलामों के मसीहा के रूप में संसार के सामने आये. पटना तख्त के वरीय उपाध्यक्ष सरदार शैलेंद्र सिंह ने कहा कि आज भी दुनिया को उनके जैसे व्यक्ति एवं दर्शन की आवश्कता है. रामकृष्ण मिशन के स्वामी करुणा मायानंद ने कहा कि इसलाम जैसा धर्म संसार के लिए एक तोहफा है.तहरीक ए पैगाम ए इसलाम मौलाना सैय्यद सैफुद्दीन ने कहा कि जिस दौर में आप (चइनी) इस दुनिया में तशरीफ लाये उस दौर में यतीमों का हक मारने, महिलाओं पर जुल्म, बच्चियों के कत्ल की प्रथा के विरूद्ध क्रांति पैदा की. समाजसेवी बेली बोधनवाला ने शांति के उस दूत का शुक्रिया अदा किया, जिसके कारण समाज में कई सुधार आये. डॉक्टर परवेज आलम ने उनके किस्से का बखान किया. अंत में काे-अॉपरेटिव कॉलेज के प्राचार्य डॉ सफदर रजी ने धन्यवाद ज्ञापन देते हुए एक मंच पर विभिन्न समाज के प्रमुखाें की उपस्थिति की सराहना की. कार्यक्रम की शुरूआत तिलावत ए कलाम पाक से हुई, जिसे करीम सिटी के प्राचार्य डॉक्टर मोहम्मद जकरिया अदा किया गया. उन्हाेंने इस तिलावत का अनुवाद भी पेश किया. अतिथियों का स्वागत पाथ ऑफ पीस एवं इस विचार गोष्ठी के आयोजक आसिफ महमूद ने किया. इस अवसर पर माेहम्मद मुस्तफा, आर दयाल, रियाज शरीफ, अनिल कुमार तिवारी, डॉ एम जकरिया, अब्दुल राफे अति, रफी शेख, इंदर सिंह, डॉ निधि श्रीवास्तव, जसवंत सिंह, आरएम प्रसाद समेत अन्य उपस्थित थे.
