करमाटांड़ में छापेमारी कर पुलिस ने किया 10 साइबर अपराधी को गिरफ्तार

जामताड़ा : बैंक अधिकारी बन देशभर के लोगों से एटीएम का पीन नंबर प्राप्त कर उसके बैंक अकाउंट से पैसा उड़ा लेने का धंधा के लिए मशहूर हो चुके जामताड़ा जिले के करमाटांड़ में पुलिस ने सोमवार को छापेमारी कर 10 साइबर अपराधी को गिरफ्तार किया है. इनके पास से 14 मोबाइल सेट, पांच सिम […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | January 12, 2016 6:42 AM

जामताड़ा : बैंक अधिकारी बन देशभर के लोगों से एटीएम का पीन नंबर प्राप्त कर उसके बैंक अकाउंट से पैसा उड़ा लेने का धंधा के लिए मशहूर हो चुके जामताड़ा जिले के करमाटांड़ में पुलिस ने सोमवार को छापेमारी कर 10 साइबर अपराधी को गिरफ्तार किया है. इनके पास से 14 मोबाइल सेट, पांच सिम व बाइक (जेएच 11एन-1701) बरामद किया है.

डुमरिया गांव पर थी पुलिस की नजर : जानकारी देते हुए अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी राजबली शर्मा ने बताया कि इनलोगों को पकड़ने के लिए एसपी मनोज कुमार सिंह ने टीम गठित की थी. पुलिस काफी दिनों से नजर रख रही थी. सोमवार को गुप्त सूचना के आधार पर डुमरिया गांव में छापेमारी की गयी.
करमाटांड़ में छापेमारी कर…
जिस समय छापेमारी की गयी, उस समय ये 10 लोग मोबाइल से साइबर अपराध को अंजाम दे रहा था. पुलिस के पास कुछ मोबाइल नंबर हाथ लगी थी. उसी की ट्रेस पर ये लोग पकड़ में आये.
टीम मेें कौन-कौन थे : पुलिस निरीक्षक बाल्मिकी सिंह के नेतृत्व में थाना प्रभारी करमाटांड़ रवि ठाकुर, थाना प्रभारी नारायणपुर सुरेंद्र कुमार, तकनीकी कोषांग के नीतीश कुमार एवं राजेश कुमार सिन्हा सहित पुलिस बल के साथ छापामारी की.
कैसे करते हैं साइबर अपराध
ये लोग सबसे पहले दूसरे के नाम से सिम कार्ड लेते है. उसके बाद लोगों से बैंक का अधिकारी बन कर बात करते हैं. लोगों से कहता है कि वो मुंबई एटीएम ऑफिस से बोल रहा है. एटीएम कॉड का वेरिफिकेशन करना है. उसके बाद एटीएम का 16 डिजिट का नंबर मांगा जाता है. 16 डिजिट का नंबर प्राप्त करते ही खाताधारक के खाता से ऑनलाइन मार्केटिंग या मनी ट्रांसफर कर लेता है. एक बार में एक ही मोबाइल सिम का उपयोग करते हैं. ताकि पुलिस मोबाइल के जरिये उन तक न पहुंच पायें.