रांची : कपड़े पर जीएसटी लगाये जाने के विरोध में रांची सहित पूरे झारखंड के थोक कपड़ा व्यवसायियों ने तीन दिवसीय बंद का आह्वान किया है. बुधवार को बंदी के दूसरे दिन भी व्यवसायियों ने अपनी दुकानें बंद रखीं. झारखंड थोक वस्त्र विक्रेता संघ के बैनर तले कपड़ा व्यवसायी अपर बाजार के गांधी चौक पर धरने पर बैठे और केंद्र सरकार के फैसले कि विरोध में नारेबाजी की. वे केंद्र सरकार से कपड़े पर जीएसटी लगाये जाने का फैसला वापस लेने की मांग कर रहे थे.
धरना के बाद संघ के सदस्यों ने जुलूस निकाला, जो कुंजलाल स्ट्रीट, ज्योति संगम लेन, गांधी चौक, मारवाड़ी टोला, महावीर चौक, मैकी रोड, श्रद्धानंद रोड होते हुए पुनः गांधी चौक स्थित धरना स्थल पर पहुंचा. मौके पर सदस्यों ने गुरुवार को भी होनेवाली बंदी पर चर्चा की. सदस्यों से अाह्वान किया गया कि गुरुवार को होनेवाली बंदी में कपड़ा व्यवसाय से जुड़े सभी कर्मचारी और मजदूर संगठन के साथ जिला स्तर पर कार्यक्रम करें. साथ ही रांची में गांधी चौक पर सुबह 10.30 बजे एकत्रित हों. संघ ने गुरुवार की बंदी को ऐतिहासिक बनाने के लिए वस्त्र अभिकर्ता संघ, ट्रांसपोर्ट संघ, खुदरा व्यवसायी संघ, कर्मचारी संघ, मजदूर संघ से धरना स्थल पर पहुंचने का अाह्वान किया है.
आगे की रणनीति तय होगी : संघ के अध्यक्ष प्रवीण लोहिया ने कहा कि केंद्रीय वस्त्र व्यापार एवं उद्योग समिति के अनुसार आगे की रणनीति तय की जायेगी. उम्मीद है कि कपड़ा व्यवसायियों की समस्या को ध्यान में रखते हुए सरकार द्वारा कोई न काेई सार्थक पहल की जायेगी. मौके पर संघ के अध्यक्ष प्रवीण लोहिया, मनोज सिंघानिया, अनिल जालान, प्रमोद सारस्वत, संजय अग्रवाल, विक्रम खेतावत, सुनील मोदी, नंदकिशोर चौधरी, गुरमीत सिंह, हैप्पी किंगर, सुंदर लाल, मनीष पोद्दार, राजू अग्रवाल, अशोक लाठ, कमल शर्मा, बजरंग तोदी, मंटू अग्रवाल,विनय मिढा, अनूप लाखोटिया आदि उपस्थित थे.
सीएम से मिला संघ का प्रतिनिधिमंडल
झारखंड थोक वस्त्र विक्रेता संघ का प्रतिनिधिमंडल बुधवार को प्रोजेक्ट भवन में मुख्यमंत्री रघुवर दास से मिला. संघ के अध्यक्ष प्रवीण लोहिया ने बताया कि मुख्यमंत्री ने धैर्य पूर्वक कपड़ा व्यवसायियों की समस्याएं सुनीं. 30 जून की जीएसटी बैठक में सभी राज्य के मुख्यमंत्री अपनी बात रखेंगे. प्रतिनिधिमंडल में संघ के अध्यक्ष प्रवीण लोहिया, अनिल जालान, मनोज सिंघानिया, प्रमोद सारस्वत शामिल थे.