राजधानी रांची के नगर निगम क्षेत्र में रहनेवाले लोगों को जितना पेयजल चाहिए, उसका आधा भी नसीब नहीं हो रहा है. इसका खुलासा महालेखाकार (एजी) की रिपोर्ट में हुआ है. रिपोर्ट के मुताबिक रांची नगर निगम सहित राज्य के 10 स्थानीय निकायों में जरूरत के मुकाबले 57 प्रतिशत कम पेयजलापूर्ति हो रही है.
रांची: महालेखाकार की रिपोर्ट बताती है कि झारखंड की रांची, जमशेदपुर, धनबाद सहित 10 निकायों में कुल 508.26 मिलियन लीटर प्रतिदिन(एमएलडी) पानी की जरूरत है. जबकि, इसके मुकाबले सिर्फ 218.86 एमएलडी की ही आपूर्ति हो पा रही है.
रिपोर्ट के अनुसार नगर विकास मंत्रालय भारत सरकार द्वारा वर्तमान परिस्थितियों में प्रति व्यक्ति प्रतिदिन 135 लीटर पानी की जरूर का मानक निर्धारित किया गया है. रांची सहित 10 स्थानीय निकायों की आबादी 37.65 लाख है. नगर विकास द्वारा निर्धारित मानक के हिसाब से स्थानीय निकायों की इस आबादी की जरूरतें जैसे, खाने, पीने, कपड़ा धोने सहित अन्य जरूरतों के लिए प्रतिदिन 508.26 मिलियन लीटर पानी की जरूरत है. इस जरूरत को पूरा करने के लिए 440.10 एमएलडी पानी आपूर्ति की क्षमता सृजित की गयी है. हालांकि, सिर्फ 218.86 एमएलडी पानी की आपूर्ति हो रही है. यानी 289.40 एमएलडी पानी का सप्लाई नहीं हो पा रहा है, जो जरूरत के मुकाबले 57 प्रतिशत कम है. रिपोर्ट के अनुसार रांची नगर निगम क्षेत्र में प्रतिदिन 144.91 एमएलडी पानी की जरूरत है. हालांकि, इसके मुकाबले सिर्फ 70.02 एमएलडी पानी का ही सप्लाई हो रहा है. इसी तरह जमशेदपुर में 91.44 एमएलडी की जरूरत के मुकाबले सिर्फ 0.09 एमएलडी का सप्लाई हो रहा है. जिन स्थानीय निकायों में वर्तमान की जरूरतों के मुकाबले अधिक आपूर्ति की क्षमता सृजित की गयी है, वहां भी जरूरत के मुकाबले आपूर्ति कम हो रही है. गढ़वा स्थानीय निकाय में 6.22 एमएलडी की जरूरत के मुकाबले 17.50 एमएलडी आपूर्ति की क्षमता सृजित है. हालांकि, आपूर्ति सिर्फ 0.72 एमएलडी की हो रही है. इस तरह आपूर्ति की क्षमता सृजित होने का बावजूद गढ़वा स्थानीय निकाय के क्षेत्र में जरूरत के मुकाबले 88 प्रतिशत कम की आपूर्ति हो रही है.
इलाकों में होती है दिक्कत
राजधानी के कई मुहल्लों में गरमी के दिनों में पीने के पानी की दिक्कत हो जाती है. खास कर रातू रोड से जुड़े मुहल्ले, चुटिया, कांटाटोली, डोरंडा का कुछ इलाका, धुर्वा के क्षेत्र, चर्च रोड, हिंदपीढ़ी, एचइसी आवासीय कालोनी, पुनदाग, अरगोड़ा, हरमू हाउसिंग कालोनी, किशोरगंज, कोकर, वर्दवान कंपाउंड और अन्य इलाकों में गरमी के दिनों में ट्यूबवेल और कुओं का जल स्तर कम होने से लोगों की निर्भरता पाइपलाइन जलापूर्ति पर अधिक हो जाती है. ऐसे में एक दिन भी पानी नहीं आने पर हाहाकार जैसी स्थिति हो जाती है.
राज्य के 10 स्थानीय निकायों में जलापूर्ति का ब्योरा
निकाय जरूरत क्षमता सप्लाई कमी
रांची 144.91 114.00 70.02 52%
जमशेदपुर 91.44 23.00 0.09 99%
ताल 21.18 24.00 7.70 64%
देवघर 27.42 7.50 5.69 79%
धनबाद 156.93 156.50 118.00 25%
गढ़वा 6.22 17.50 0.72 88%
मधुपुर 7.46 48.00 4.50 40%
मानगो 30.21 10.00 7.04 77%
मेदनीनगर 10.58 21.60 4.50 57%
साहेबगंज 11.91 18.00 0.60 95%