तपोवन मंदिर भूमि हस्तांतरण मामला : सीबीआइ जांच पर सुप्रीम कोर्ट ने रोक लगायी

रांची : सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को श्रीराम जानकी तपोवन मंदिर ट्रस्ट की सात एकड़ जमीन के अवैध हस्तांतरण मामले की सीबीआइ जांच पर रोक लगा दी है.कोर्ट ने एसएलपी पर सुनवाई करते हुए राज्य सरकार सहित प्रतिवादियों को नोटिस जारी करने का निर्देश दिया. मामले की अगली सुनवाई 30 अक्तूबर को होगी. चीफ जस्टिस […]

By Prabhat Khabar Digital Desk |
रांची : सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को श्रीराम जानकी तपोवन मंदिर ट्रस्ट की सात एकड़ जमीन के अवैध हस्तांतरण मामले की सीबीआइ जांच पर रोक लगा दी है.कोर्ट ने एसएलपी पर सुनवाई करते हुए राज्य सरकार सहित प्रतिवादियों को नोटिस जारी करने का निर्देश दिया. मामले की अगली सुनवाई 30 अक्तूबर को होगी. चीफ जस्टिस दीपक मिश्रा, जस्टिस एएम खानविलकर व जस्टिस डीवाइ चंद्रचूड़ की खंडपीठ में मामले की सुनवाई हुई. प्रार्थी की अोर से अधिवक्ता सिद्धार्थ गुप्ता, अनुराग सिंह व तुलिका मुखर्जी ने पक्ष रखा.
उन्होंने खंडपीठ को बताया कि मंदिर ट्रस्ट की जमीन के हस्तांतरण मामले में कोई गड़बड़ी नहीं की गयी है. हाइकोर्ट ने सीबीआइ से संबंधित कानून के सिद्धांतों पर ध्यान दिये बिना ही प्रार्थी ट्रस्ट की जमीन की सीबीआइ जांच का आदेश दे दिया. उल्लेखनीय है कि श्रीराम जानकी तपोवन मंदिर ट्रस्ट निवारणपुर की अोर से सुप्रीम कोर्ट में एसएलपी दायर की गयी है.
याचिकाकर्ता ने सात जून 2017 को झारखंड हाइकोर्ट के सीबीआइ जांच से संबंधित आदेश को चुनाैती दी है. हाइकोर्ट ने प्रार्थी अतीश कुमार सिंह की जनहित याचिका (1590/2017) की सुनवाई करते हुए सीबीआइ जांच का आदेश पारित किया था. हाइकोर्ट ने सीबीआइ को छह माह में जांच पूरा करने को कहा था. सीबीआइ की अोर से इस मामले में प्राथमिकी दर्ज कर ली गयी है.
डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

👤 By Prabhat Khabar Digital Desk

Prabhat Khabar Digital Desk

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >